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सोमवार, सितम्बर 25 2017 | समय 20:50 Hrs(IST)
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हिंदी ने अपना दर्द कुछ इस तरह सुनाया (कविता)

हिंदी ने अपना दर्द कुछ इस तरह सुनाया (कविता)

युवा रचनाकार सनुज कुमार की कविता में जानिये किस प्रकार हम सिर्फ हिंदी दिवस पर ही अपनी मातृभाषा के प्रति गंभीर नजर आते हैं और बाकी दिन हमारे दिलोदिमाग पर अंग्रेजी ही हावी रहती है।
आधुनिक काल की मीराबाई भी कहा जाता है महादेवी वर्मा को

आधुनिक काल की मीराबाई भी कहा जाता है महादेवी वर्मा को

प्रख्यात कवयित्री महादेवी वर्मा की गिनती हिंदी कविता के छायावादी युग के चार प्रमुख स्तंभ सुमित्रानंदन पंत, जयशंकर प्रसाद और सूर्यकांत त्रिपाठी निराला के साथ की जाती है।
राजनीति का कोढ़ है वंशवाद (व्यंग्य)

राजनीति का कोढ़ है वंशवाद (व्यंग्य)

कल शर्मा जी मेरे घर आये, तो हाथ में मिठाई का डिब्बा था। उसका लेबल बता रहा था कि ये ‘नेहरू चौक’ वाले खानदानी ‘जवाहर हलवाई’ की दुकान से ली गयी है। डिब्बे में बस एक ही बरफी बची थी। उन्होंने वह मुझे देकर डिब्बा मेज पर रख दिया।