1. द्वितीय विश्वयुद्ध में बमबारी से नोटबंदी की तुलना गलत

    द्वितीय विश्वयुद्ध में बमबारी से नोटबंदी की तुलना गलत

    राहुल गांधी ने विमुद्रीकरण की तुलना द्वितीय विश्वयुद्ध की बमबारी से की, क्या माना जाए कि उन्हें द्वितीय विश्वयुद्ध की पर्याप्त जानकारी है। परमाणु बम के प्रयोग से लेकर लाखों लोगों की मौत को विमुद्रीकरण से जोड़ना क्या दर्शाता है?

  2. देश के नाम प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन के निहितार्थ

    देश के नाम प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन के निहितार्थ

    जहां तक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की 31 दिसंबर को देश के नाम संबोधन में की गई घोषणाओं का प्रश्न है तो कहा जा सकता है कि कमोबेश घोषित योजनाएं पहले से हैं केवल और केवल इन्हें परिवर्तित किया गया है।

  3. धर्म, जाति के आधार पर वोट माँगना अब पड़ेगा महँगा

    धर्म, जाति के आधार पर वोट माँगना अब पड़ेगा महँगा

    सुप्रीम कोर्ट ने 21वीं शताब्दी के भारत में चुनाव सुधारों को एक नई गति प्रदान की है जिसमें धर्म, संप्रदाय, जाति, भाषा इत्यादि का वोट माँगने में अवश्य ही कोई आधार नहीं होना चाहिए।

  4. प्रधानमंत्री पर सिर्फ आरोप न लगाएं राहुल, सुबूत भी दें

    प्रधानमंत्री पर सिर्फ आरोप न लगाएं राहुल, सुबूत भी दें

    यदि राहुल गांधी के पास प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ भ्रष्टाचार के ठोस सबूत और सही दस्तावेज नहीं हुए, तो कांग्रेस नेता के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी होनी चाहिए। यदि आरोपों के पक्ष में कुछ सुबूत हैं तो प्रधानमंत्री को खुद एक निष्पक्ष जाँच करानी चाहिए।

  5. उत्तर प्रदेश में बुआ, बबुआ और फकीर के जुमले

    उत्तर प्रदेश में बुआ, बबुआ और फकीर के जुमले

    चुनावी जुमलों ने सर्द मौसम में गजब की गर्मी ला दी है। बुआ बबुआ और फकीर के जुमलों से आसमान गूँज रहा है। अखिलेश यादव ने यकायक 17 ओबीसी जातियों को दलित में शामिल करने का फैसला कर बड़ा सियासी खेल खेला है।

  6. अभी जो कठिनाई दिखाई दे रही है वह स्थायी नहीं

    अभी जो कठिनाई दिखाई दे रही है वह स्थायी नहीं

    कालेधन की समाप्ति देश को अन्ततः समृद्ध बनाएगी। शिक्षा, स्वास्थ्य, विकास में अधिक धनराशि लगाई जा सकेगी। इसका फायदा गरीबों, किसानों को होगा। इस समय जो कठिनाई दिखाई दे रही है, वह स्थायी नहीं है।

  7. क्या जय पांडा से कुछ सीख लेना पसंद करेंगे सांसद

    क्या जय पांडा से कुछ सीख लेना पसंद करेंगे सांसद

    लोकसभा की कार्यवाही नष्ट होने से दुखी सांसद जय पांडा ने बताया कि वो अपनी सैलरी का उतना हिस्सा और भत्ता लौटा देते हैं, जितना लोकसभा के समय का नुकसान हुआ है। ऐसा वो 4−5 सालों से कर रहे हैं।

  8. 10 जनपथ तक पहुंचते दिख रहे अगस्ता मामले के तार

    10 जनपथ तक पहुंचते दिख रहे अगस्ता मामले के तार

    अगस्ता वेस्टलैंड मामले में आरोप केवल पूर्व वायुसेना प्रमुख व उनके सहयोगियों तक ही सीमित होते तो कांग्रेस को ऐसी परेशानी नहीं होती, किन्तु इसके तार दस जनपथ तक पहुंचते दिखाई दे रहे हैं।

  9. हर दिल अजीज अटल बिहारी वाजपेयी

    हर दिल अजीज अटल बिहारी वाजपेयी

    प्रधानमंत्री के रूप में अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल को साहसिक और दृढ़निश्चयी फैसलों के लिए आज भी याद किया जाता है। वह राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय फलक पर सम्मान की दृष्टि से देखे जाने वाले चुनिंदा नेताओं में से हैं।

  10. काल के कपाल पर लिखता-मिटाता हूं, गीत नया गाता हूं

    काल के कपाल पर लिखता-मिटाता हूं, गीत नया गाता हूं

    अटलजी को जनसंघ के सबसे पुराने व्यक्तियों में एक माना जाता है। जब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर प्रतिबंध लग गया था, तब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने भारतीय जनसंघ का गठन किया था। यह राजनीतिक विचारधारा वाला दल था।

  11. भारत माता के सच्चे सपूत ''भारत रत्न'' अटल बिहारी वाजपेयी

    भारत माता के सच्चे सपूत ''भारत रत्न'' अटल बिहारी वाजपेयी

    सात दशकों से भारतीय राजनीति में अपना स्थान अक्षुण्ण रखने वाले अटल बिहारी वाजपेयी सचमुच ''''भारत रत्न'''' हैं। ऐसे नेता विरले ही होते हैं जो मुख्य विपक्षी दलों के बीच भी बेहद सम्मान की निगाह से देखे जाते हैं।

  12. दो सीटों से चुनाव लड़ने की अनुमति बड़ी चुनावी खामी

    दो सीटों से चुनाव लड़ने की अनुमति बड़ी चुनावी खामी

    जब मत देने वाला एक बार ही अपने मताधिकार का उपयोग कर सकता है तो उम्मीदवार कैसे दो या दो से अधिक स्थानों पर चुनाव लड़ने की पात्रता पा सकता है? यह हमारे चुनाव प्रक्रिया की एक बड़ी विसंगति है, जो लंबे समय से चली आ रही है।