जेट में निवेश करेगी Etihad Airways, वित्तीय बोली जमा की

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Publish Date: May 11 2019 3:12PM
जेट में निवेश करेगी Etihad Airways, वित्तीय बोली जमा की
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भारतीय स्टेट बैंक की अगुवाई में 26 कर्जदाताओं की समिति ने 8 से 12 अप्रैल के बीच जेट एयरवेज के लिए रुचि पत्र (ईओआई) आमंत्रित किए थे और इसके लिए चार प्रारंभिक बोलियां मिली थीं। समिति की जेट में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

मुंबई। भारतीय स्टेट बैंक की अगुवाई वाली कर्जदाताओं की समिति ने कहा कि उसे जेट एयरवेज के अधिग्रहण के लिए एतिहाद एयरवेज और कुछ बिना आमंत्रण वाले पक्षों से वित्तीय बोलियां मिली हैं। यह जानकारी शुक्रवार को दी गई। भारतीय स्टेट बैंक की अगुवाई में 26 कर्जदाताओं की समिति ने 8 से 12 अप्रैल के बीच जेट एयरवेज के लिए रुचि पत्र (ईओआई) आमंत्रित किए थे और इसके लिए चार प्रारंभिक बोलियां मिली थीं। समिति की जेट में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी है। 

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कर्जदाताओं की समिति ने एयरलाइन कंपनी की 31.2 प्रतिशत से 75 प्रतिशत तक की हिस्सेदारी बेचने की पेशकश की है। पात्र बोलीदाताओं की ओर से वित्तीय बोली जमा करने का आखिरी दिन शुक्रवार था। बोली प्रक्रिया की जिम्मेदारी संभाल रही एसबीआई कैपिटल ने बयान में कहा कि एतिहाद एयरवेज से सीलबंद बोली मिली है और इसे जांच - परख के लिए कर्जदाताओं के पास जमा किया जाएगा उसने कहा कि कुछ बिना आमंत्रित पक्षों से भी बोलियां मिली हैं। इस पर कर्जदाताओं की समिति बाद में विचार - विमर्श कर सकती है। 
बैंक अगले हफ्ते बोलियों का मूल्यांकन कर सकते हैं। इससे पहले भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के चेयरमैन रजनीश कुमार ने कहा था कि कर्जदाताओं को जेट एयरवेज के लिए "बिना आमंत्रण वाली" दो बोलियां मिली हैं तथा एक और बोली मिलने की उम्मीद है। कुमार ने संवादताताओं को बताया कि भारतीय स्टेट बैंक ने जेट का परिचालन फिर से शुरू करने के लिए बढ़-चढ़कर प्रयास किए हैं। वहीं, एतिहाद एयरवेज ने बयान में कहा कि एतिहाद ने एक बार फिर जोर दिया कि हम एयरलाइन के मुख्य निवेशक नहीं बनना चाहते हैं। 
अन्य आवश्यकताओं के बीच जेट के आवश्यक पुनर्पूंजीकरण के लिए और उपयुक्त निवेशकों की जरूरत होगी। कंपनी ने कहा कि वह पिछले 15 महीनों से प्रमुख पक्षों के साथ मिलकर ' लगातार ' काम कर रही है ताकि जेट को फिर से व्यवहार्य और प्रतिस्पर्धी एयरलाइन बनाने के लिए समाधान खोजा जा सके। मौजूदा समय में एयरलाइन पर बैंकों का 8,000 करोड़ रुपये बकाया है। उल्लेखनीय है कि वित्तीय संकट से जूझ रही जेट एयरवेज ने अप्रैल में अस्थायी तौर पर परिचालन बंद करने की घोषणा की थी।

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