आईओसी की शेयर बिक्री के लिये पांच बैंकों का चयन

पेट्रोलियम क्षेत्र की कंपनी इंडियन ऑयल कारपोरेशन (आईओसी) में सरकार की तीन प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने के लिये गोल्डमैन साक्स और सिटीग्रुप सहित पांच मर्चेंट बैंकरों का चयन किया गया है।

पेट्रोलियम क्षेत्र की कंपनी इंडियन ऑयल कारपोरेशन (आईओसी) में सरकार की तीन प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने के लिये गोल्डमैन साक्स और सिटीग्रुप सहित पांच मर्चेंट बैंकरों का चयन किया गया है। इस बिक्री से सरकार को करीब 6,000 करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद है। निवेश और सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन विभाग (डीआईपीएएम) ने जिन अन्य बैंकरों को हिस्सेदारी बिक्री के प्रबंधन के लिये चुना है उनमें ड्यूश इक्विटीज, एसबीआई कैपिटल मार्किट्स और आईसीआईसीआई सिक्युरिटीज शामिल हैं। सूत्रों ने यह जानकारी दी।

डीआईपीएएम के समक्ष गुरुवार को 10 मर्चेंट बैंकरों ने अपनी प्रस्तुति दी थी जिनमें से पांच को चुना गया है। प्रस्तुति देने वाले अन्य बैंकों में एक्सिस कैपिटल, कोटक इन्वेस्टमेंट, नोमुरा फाइनेसियल, एडलवेइस फाइनेंसियल और आईडीएफसी बैंक शामिल थे। पेट्रोलियम क्षेत्र के इस प्रमुख सार्वजनिक उपक्रम में सरकार की हिस्सेदारी 58–28 प्रतिशत है। सरकार का इरादा कंपनी में अपनी तीन प्रतिशत हिस्सेदारी की बिक्री करने का है।

आईओसी का शेयर आज कारोबार के शुरुआती दौर में 4–65 प्रतिशत गिरकर 419–05 रुपये के आसपास चल रहा था। मौजूदा शेयर मूल्य पर तीन प्रतिशत शेयरों की बिक्री से सरकार को 6,000 करोड़ रुपये की प्राप्ति हो सकती है। सूत्रों ने कहा कि आईओसी शेयर बिक्री के लिये हालांकि, समय अभी तय नहीं किया गया है, इस बारे में अंतिम निर्णय बाजार परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुये लिया जायेगा। सरकार ने इससे पहले आईओसी में अपनी 10 प्रतिशत हिस्सेदारी अगस्त 2015 में 387 रुपये प्रति शेयर के भाव पर बेची थी और 9,369 करोड़ रुपये जुटाये थे। आईओसी का शुद्ध लाभ पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में 85 प्रतिशत बढ़कर 3,720–62 करोड़ रुपये रहा। कंपनी को रिफाइनरी और भंडार में रखे माल पर अच्छा लाभ मिला। सरकार चालू वित्त वर्ष में अब तक नाल्को और हुडको में अपनी हिस्सेदारी की बिक्री कर 2,400 करोड़ रुपये जुटा चुकी है।

Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


अन्य न्यूज़