साउथ अफ्रीका में कोहली ब्रिगेड भी हुई नाकाम, 30 साल में 7 कप्तानों ने की जोर आजमाइश, नहीं हो पाया कोई भी सफल

साउथ अफ्रीका में कोहली ब्रिगेड भी हुई नाकाम, 30 साल में 7 कप्तानों ने की जोर आजमाइश, नहीं हो पाया कोई भी सफल
प्रतिरूप फोटो

30 सालों से साउथ अफ्रीका में भारतीय टीम टेस्ट सीरीज जीतने के लिए संघर्ष कर रही है। इतना ही नहीं मोहम्मद अजहरुद्दीन से लेकर विराट कोहली की ब्रिगेड भी नाकाम साबित हुई। हालांकि कोहली ब्रिगेड के पास इस सीरीज को जीतने का मौका था। भारतीय टीम ने सेंचुरियन टेस्ट में शानदार प्रदर्शन करते हुए सीरीज में बढ़त बना ली थी।

केपटाउन। साउथ अफ्रीका ने विश्व की नंबर-वन टीम का सपना धराशायी कर दिया। भारत ने केपटाउन में खेले जा रहे तीसरे और निर्णायक टेस्ट मुकाबले को चौथे दिन सात विकेट से गंवा दिया। इसी के साथ ही साउथ अफ्रीका ने 3 मैचों की सीरीज को 2-1 से अपने नाम कर लिया। साउथ अफ्रीका के सामने 212 रन का लक्ष्य था जो उसने तीन विकेट खोकर हासिल कर लिया। इसमें कीगन पीटरसन ने 113 गेंदों पर 82 रन की महत्वपूर्ण पारी खेल टीम को मजबूती दिलाई और फिर रॉसी वान डर डुसेन ने नाबाद 41 और तेम्बा वावुमा ने नाबाद 32 रन बनाकर भारत से उसका सपना छीन लिया। 

इसे भी पढ़ें: भारत ने 7 विकेट से गंवाया केपटाउन टेस्ट, साउथ अफ्रीका ने 2-1 से जीती सीरीज 

आपको बता दें कि 30 सालों से साउथ अफ्रीका में भारतीय टीम टेस्ट सीरीज जीतने के लिए संघर्ष कर रही है। इतना ही नहीं मोहम्मद अजहरुद्दीन से लेकर विराट कोहली की ब्रिगेड भी नाकाम साबित हुई। हालांकि कोहली ब्रिगेड के पास इस सीरीज को जीतने का मौका था। भारतीय टीम ने सेंचुरियन टेस्ट में शानदार प्रदर्शन करते हुए सीरीज में बढ़त बना ली थी लेकिन फिर जोहानिसबर्ग और केपटाउन टेस्ट को गंवा दिया।

कैसा रहा कप्तानों का प्रदर्शन

मोहम्मद अजहरुद्दीन: भारतीय टीम ने 1992-93 में अजहरुद्दीन की कप्तानी में साउथ अफ्रीका का दौरा किया था। इस दौरान चार मैचों की सीरीज को भारत ने 0-1 से गंवा दिया था। भारतीय टीम अपने अथक प्रयास से डरबन, जोहानिसबर्ग और केपटाउन टेस्ट को ड्रॉ तक ले गई लेकिन एलिजाबेथ टेस्ट में हार का सामना करना पड़ा था। 

इसे भी पढ़ें: क्या खत्म हो जाएगा पुजारा और रहाणे का टेस्ट कॅरियर ? ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली थी शतकीय पारी, साउथ अफ्रीका में दोनों हुए फ्लॉप 

सचिन तेंदुलकर: मोहम्मद अजहरुद्दीन के बाद भारतीय टीम ने सचिन तेंदुलकर की कप्तानी में साउथ अफ्रीका का दौरा किया था। कप्तान के तौर पर गॉड ऑफ क्रिकेट के रिकॉर्ड कुछ खास नहीं है। उन्होंने कुल 25 टेस्ट मुकाबलों में कप्तानी की है, जिनमें से टीम ने 4 मुकाबले जीते हैं और 9 में हार का सामना करना पड़ा। हालांकि 12 मुकाबले ड्रॉ हुए थे। साल 1996-97 में सचिन तेंदुलकर की कप्तानी में भारतीय टीम 3 मैचों की सीरीज खेलने के लिए साउथ अफ्रीका गई थी लेकिन सीरीज को टीम ने 0-2 से गंवा दिया था। जिसके बाद सचिन तेंदुलकर ने कप्तानी छोड़ दी थी।

सौरव गांगुली:- बीसीसीआई के मौजूदा अध्यक्ष सौरव गांगुली की कप्तानी में भी भारतीय टीम ने साउथ अफ्रीका का दौरा किया था। यह साल 2001-02 की बात है। दो मैचों की सीरीज हुई थी और भारतीय टीम ने पहला मुकाबला 9 विकेट से गंवाया था। जबकि दूसरा मुकाबला ड्रॉ हो गया था। ऐसे में भारतीय टीम को 0-1 से सीरीज हार गई।

राहुल द्रविड़:- भारतीय क्रिकेट टीम के मौजूदा कोच राहुल द्रविड़ के नाम को कई महान रिकॉर्ड दर्ज हैं। लेकिन वो भी साउथ अफ्रीकी जमीं पर अपना करिश्मा नहीं दिखा पाए। साल 2006-07 में भारतीय टीम 3 मैचों की सीरीज खेली, जिसमें 1-2 से हार का सामना करना पड़ा था। 

इसे भी पढ़ें: केपटाउन टेस्ट: डीआरएस विवाद में कूदे भारतीय गेंदबाजी कोच, बोले- मैं मैच रेफरी पर छोड़ दूंगा

महेंद्र सिंह धोनी:- भारतीय क्रिकेट को बुलंदियों तक ले जाने वाले महेंद्र सिंह धोनी ने कई कीर्तिमान स्थापित किए हैं। उनकी कप्तानी में भारतीय टीम ने दो बार साउथ अफ्रीका का दौरा किया था लेकिन तिरंगा फहरा पाने में कामयाब नहीं हो पाई। साल 2010-11 में 3 मैचों की सीरीज हुई थी, जिसे धोनी ने 1-1 से ड्रॉ करा लिया था लेकिन साल 2013-14 में खेली गई सीरीज में बुरी तरह से हार का सामना करना पड़ा था।

विराट कोहली:- विराट कोहली ने साल 2017-18 में खेली गई सीरीज को 2-1 से गंवा दिया था और इस बार भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला। लेकिन साल 2022 की टेस्ट सीरीज में विराट कोहली ने अकेले कप्तानी नहीं की बल्कि उनकी अनुपस्थिति में केएल राहुल को जिम्मेदारी सौंपी गई थी और वो भी विफल रहे।