सर्बिया के बाद वाशिंगटन में पाकिस्तानी दूतावास के कर्मचारियों की सैलरी पर आफत, एक ने दिया इस्तीफा

सर्बिया के बाद वाशिंगटन में पाकिस्तानी दूतावास के कर्मचारियों की सैलरी पर आफत, एक ने दिया इस्तीफा

सर्बिया में पाकिस्तान दूतावास उसका एकमात्र राजनयिक मिशन नहीं है जो वित्तीय संकट का सामना कर रहा है। सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के सर्बियाई राजनयिकों द्वारा पीएम इमरान खान के खिलाफ बगावत करने के लिए मजबूर होने के एक दिन बाद अब खबर आ रही है कि वाशिंगटन में पाकिस्तान दूतावास भी बदहाल स्थिति में है।

पाकिस्तान ने आज अपने कंगाल होने का ऐलान कर दिया। ताजा खबर ये है कि इमरान खान के पास अपने सरकारी अफसरों को देने के लिए सैलरी नहीं है। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के मुलाजिमों को तीन-चार महीने से वेतन तक नहीं मिला है। पाकिस्तान के टीवी चैनल और अंतरराष्ट्रीय मीडिया में इस तरह की खबर खूब सुर्खियां बटोर रही है। सर्बिया में पाकिस्तान की एंबेसी का ट्विटर अकाउंट जहां से सैलरी न मिलने से नाराज कर्मचारी से सरकार की बेइज्जती करता हुआ ट्विट पर डाले जाने की खबर से तो आप रूबरू होंगे। लेकिन आपको बता दें कि सर्बिया में पाकिस्तान दूतावास उसका एकमात्र राजनयिक मिशन नहीं है जो वित्तीय संकट का सामना कर रहा है। सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के सर्बियाई राजनयिकों द्वारा पीएम इमरान खान के खिलाफ बगावत करने के लिए मजबूर होने के एक दिन बाद अब खबर आ रही है कि वाशिंगटन में पाकिस्तान दूतावास भी बदहाल स्थिति में है।

सैलरी नहीं मिलने पर कर्मचारी ने दिया इस्तीफा

द न्यूज इंटरनेशनल की रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका में पाकिस्तान दूतावास लगभग 4 महीने से अपने संविदा कर्मचारियों के वेतन का भुगतान करने में असमर्थ था। रिपोर्ट में कहा गया है कि स्थानीय रूप से भर्ती किए गए पाकिस्तानी दूतावास के कर्मचारियों में से कम से कम पांच को अगस्त 2021 से अपने मासिक वेतन के भुगतान में देरी और भुगतान का सामना करना पड़ा। वित्तीय संकट इस हद तक बढ़ गया कि एक दशक पुराने कर्मचारी को देरी और भुगतान न करने के कारण सितंबर में इस्तीफा देने के लिए मजबूर होना पड़ा। इन स्थानीय कर्मचारियों को दूतावास द्वारा वार्षिक अनुबंध के आधार पर काम पर रखा गया था लेकिन अब पाकिस्तानी दूतावास की तरफ से इन्हें सैलरी नहीं दी जा रही है। बताया जा रहा है कि इन कर्मचारियों को यहाँ बेहद कम वेतन पर काम पर रखा गया था। अ​मेरिका में इन कर्मचारियों की सैलरी 2 हजार से 2,500 डॉलर के बीच है।

3 महीनों से बिना सैलरी के कर रहे काम 

गौरतलब है कि  इमरान खान की तरफ से एक बयान दिया गया था कि घबराना नहीं है। उससे जुड़ा वीडियो पाक दूतावास की तरफ से शेयर किया गया है। एंबेसी के ट्विटर अकाउंट पर शेयर वीडियो में कहा गया था कि महंगाई ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए। आप (इमरान खान) कब तक उम्मीद करते हैं कि हम सरकारी अधिकारी चुप रहेंगे और पिछले 3 महीनों से बिना सैलरी के आपके लिए काम करते रहेंगे। 

इमरान सरकार ने इस तरह की खबर को मैनेज करने की और पाकिस्तान की कंगाली छुपाने की बहुत कोशिश की लेकिन पाकिस्तान सरकार के पैसे खत्म होने की खबर से पूरी दुनिया वाकिफ हो गई। पाकिस्तान में महंगाई अपने चरम पर है। पाकिस्तान का सूरत-ए-हाल खुद नुमाइंदे ही बयां कर रहे हैं।