• इमरान खान के फोन की पेगासस के जरिए जासूसी होने के खुलासे से भड़का पाकिस्‍तान, भारत को लेकर दिया बड़ा बयान

रिपोर्ट पर टिप्पणी करते हुए, मानवाधिकार मंत्री शिरीन ने इसे इज़राइल से जोड़ा और कहा, एनएसओ को स्पष्ट रूप से बिक्री के लिए इज़राइली सरकार से मंजूरी मिलती है, इसलिए संबंध स्पष्ट हैं।

इस्लामाबाद। इजराइल के एनएसओ समूह द्वारा निर्मित पेगासस स्पाइवेयर प्रोग्राम के ग्राहकों के संभावित लक्ष्यों में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान शामिल थे। मीडिया रिपोर्ट में सोमवार यह दावा किया गया। ‘डॉन’ अखबार ने खबर दी है कि डेटा लीक की जांच में एक अंतरराष्ट्रीय मीडिया समूह के सहयोगात्मक प्रयासों से पता चला है कि जिन लोगों के फोन को निशाना बनाया गया था उनकी सूची में कम से कम एक नंबर ऐसा मिला है जिसका प्रधानमंत्री खान ने कभी इस्तेमाल किया था। खबर के मुताबिक, यह स्पष्ट नहीं है कि क्या वास्तव में प्रधानमंत्री खान का फोन हैक किया गया था। बता दें कि इस मामले को लेकर अब पाकिस्तान काफी भड़का हुआ है। पाक ने कहा कि, भारत के जासूसी मुद्दों को जरूरी मंचो पर उठाया जाएगा। वहीं पाक सूचना प्रसारण मंत्री फवाद चौधरी ने कहा कि पीएम इमरान खान के फोन हैंकिग के इस मुद्दे पर और जानकारी पता लगाने की प्रतीक्षा की जाएगी।

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यह भी स्पष्ट नहीं है कि सूची में पाकिस्तान के कितने अन्य लोग है। ‘द वाशिंगटन पोस्ट’ के मुताबिक सूची में 100 से ज्यादा पाकिस्तानी नंबर हैं। पाकिस्तान के सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने कहा कि वह फोन हैक करने के लिए स्पाइवेयर प्रोग्राम के इस्तेमाल की खबरों से बेहद चिंतित हैं। रिपोर्ट पर टिप्पणी करते हुए, मानवाधिकार मंत्री शिरीन ने इसे इज़राइल से जोड़ा और कहा, एनएसओ को स्पष्ट रूप से बिक्री के लिए इज़राइली सरकार से मंजूरी मिलती है, इसलिए संबंध स्पष्ट हैं।