अखिलेश का आरोप, भाजपा सरकार को किसानों की रत्ती भर भी फिक्र नहीं

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जून 9, 2021   17:57
  • Like
अखिलेश का आरोप, भाजपा सरकार को किसानों की रत्ती भर भी फिक्र नहीं

उन्होंने कहा कि सरकार की किसान विरोधी नीति भाजपा को भारी पड़ेगी। किसान 2022 के चुनाव के इंतजार में हैं। उत्तर प्रदेश में समाजवादी सरकार बनने पर किसानों के साथ न्याय हो सकेगा।

लखनऊ। समाजवादी पार्टी (सपा)अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार पर किसानों को परेशान करने का आरोप लगाते हुए बुधवार को कहा कि भाजपा सरकार को किसानों की रत्ती भर भी फिक्र नहीं है। अखिलेश ने यहां एक बयान में कहा,‘‘ भाजपा के चार साल किसानों के लिए विनाशकारी साबित हुए हैं। तीन काले कृषि कानून लाकर किसानों को बड़े पूंजीघरानों का आश्रित बना दिया गया है, न किसान को फसल का दाम मिल रहा है और न हीं उससे किए गये वादे पूरे हो रहे हैं। पिछले दिनों हुई बरसात में हजारों टन गेहूं क्रय केंद्रों में खुले में पड़े रहने से बर्बाद हो गए। किसानों को बहाने बनाकर परेशान किया जा रहा है।’’ 

इसे भी पढ़ें: अखिलेश यादव के टीका लगाने वाले बयान पर भाजपा की चुटकी, कहा देर आए दुरूस्त आए

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘प्रदेश में भाजपा सरकार को किसानों की रत्ती भर भी फिक्र नहीं है। उनकी धान की फसल भी वैसे ही बर्बाद हुई, जैसा आज गेहूं की फसल के साथ हो रहा है। किसान को न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं मिला है। भाजपा सरकार ने किसानों के साथ कोई वादा नहीं निभाया। उल्टे उसे खेत के मालिक की जगह मजदूर बनाने का कुचक्र रच दिया।’’ उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने फतेहपुर, संभल, अमरोहा, चित्रकूट, कन्नौज तथा फर्रुखाबाद में गेहूं खरीद केंद्रों पर तौल बंद किए जाने का आरोप लगाते हुए कहा,‘‘ इसकी वजह से किसानों को जबरदस्त मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है। हजारों क्विंटल गेहूं तौल के इंतजार में पड़ा है। किसान टोकन लेकर भटक रहे हैं। मंडी में गेहूं खुले में पड़ा है, बारिश के अंदेशे के बावजूद बचाव का कोई प्रबंध नहीं है।’’ उन्होंने कहा कि सरकार की किसान विरोधी नीति भाजपा को भारी पड़ेगी। किसान 2022 के चुनाव के इंतजार में हैं। उत्तर प्रदेश में समाजवादी सरकार बनने पर किसानों के साथ न्याय हो सकेगा।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept