उपेंद्र कुशवाहा की RLSP को एक और झटका, माधव आनंद ने इस्तीफा दिया

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  सितंबर 30, 2020   18:21
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उपेंद्र कुशवाहा की RLSP को एक और झटका, माधव आनंद ने इस्तीफा दिया
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रालोसपा के प्रधान राष्ट्रीय महासचिव और मुख्य प्रवक्ता माधव आनंद ने कहा कि पार्टी ने गलत कदम उठाकर अपने आस्तित्व समाप्ति का जोखिम उठाया है, और इसलिए वह अपने पद और पार्टी की प्राथमिक सदस्यता दोनों त्याग रहे हैं।

पटना। पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (रालोसपा) को बुधवार को उस वक्त एक और झटका लगा जब उनके एक प्रमुख सहयोगी माधव आनंद ने बिहार विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी के बसपा के साथ जुड़ने पर नाराजगी जताते हुए अपना रास्ता अलग कर लिया। रालोसपा के प्रधान राष्ट्रीय महासचिव और मुख्य प्रवक्ता माधव आनंद ने कहा कि पार्टी ने गलत कदम उठाकर अपने आस्तित्व समाप्ति का जोखिम उठाया है, और इसलिए वह अपने पद और पार्टी की प्राथमिक सदस्यता दोनों त्याग रहे हैं।

आनंद ने कहा, “मैं किसी व्यक्तिगत कटुता के कारण नहीं जा रहा हूँ। मैं 2017 में पार्टी में शामिल हुआ था और तब से इसे सींचने करने की कोशिश की है। लेकिन दुर्भाग्य से रालोसपा द्वारा चुना गया रास्ता ही इसे नाश कर देगा। मेरा उद्देश्य, बिहार की राजनीति में बदलाव लाना है, और ऐसी परिस्थितियों में इसे हासिल नहीं किया जा सकता।’’ गौरतलब है कि विपक्षी महागठबंधन में क्षुब्ध चल रहे रालोसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुशवाहा ने बिहार में विधानसभा चुनाव के मद्देनजर मायावती की बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और जनवादी सोशलिस्ट पार्टी के साथ मिलकर मंगलवार को एक नये मोर्चे के गठन की घोषणा की। 

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आनंद ने सोमवार की रात राजद नेता तेजस्वी प्रसाद यादव से उनके आवास जाकर मुलाकात की थी। उसके बाद से ही उनके रालोसपा छोड़ राजद में शामिल होने की अटकलें लगनी शुरू हो गयी थी। इस मुलाकात के बारे में उन्होंने कहा था, ‘‘लालू जी और उनके परिवार के साथ मेरे व्यक्तिगत संबंध हैं। तेजस्वी के साथ मेरी शिष्टाचार मुलाकात भेंट थी। मैं भविष्य के राजनीतिक कदम की घोषणा जल्द करूंगा।’’ आनंद से पहले 28 सितंबर को रालोसपा के प्रदेश अध्यक्ष भूदेव चौधरी पाला बदलकर राजद में शामिल हो गए थे।





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।


डीके शिवकुमार बोले, कांग्रेस महात्मा गांधी, स्वामी विवेकानंद के हिंदुत्व में रखती है विश्वास

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  दिसंबर 1, 2020   08:33
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डीके शिवकुमार बोले, कांग्रेस महात्मा गांधी, स्वामी विवेकानंद के हिंदुत्व में रखती है विश्वास
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शिवकुमार ने राज्य में हो रहे बदलाव और संगठन के तौर पर कांग्रेस को मजबूत करने को लेकर सोमवार को पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की बैठक बुलाई थी। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में बूथ एवं पंचायत स्तर पर समितियों का गठन किया जाएगा।

बेंगलुरु। कांग्रेस की कर्नाटक इकाई के अध्यक्ष डीके शिवकुमार ने सोमवार को कहा कि हिंदुत्व किसी एक की संपत्ति नहीं है और कांग्रेस महात्मा गांधी तथा स्वामी विवेकानंद के हिंदुत्व में विश्वास रखती है। अंतर-धार्मिक विवाह और हिंदुत्व की राजनीति के संबंध में पूछे गए एक सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवकुमार ने संवाददाताओं से कहा, ' हमारा हिंदुत्व महात्मा गांधी का, स्वामी विवेकानंद का हिंदुत्व है। हिंदुत्व किसी एक की संपत्ति नहीं है। भारत की परंपरा, संस्कृति ही संपदा है जो हम सभी से संबंधित है। हम (कांग्रेस) अपने संविधान के अनुसार प्रत्येक व्यक्ति के हितों की सुरक्षा करेंगे।'

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शिवकुमार ने राज्य में हो रहे बदलाव और संगठन के तौर पर कांग्रेस को मजबूत करने को लेकर सोमवार को पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की बैठक बुलाई थी। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में बूथ एवं पंचायत स्तर पर समितियों का गठन किया जाएगा।





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छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण के 1324 नए मामले, 18 लोगों की मौत

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  दिसंबर 1, 2020   08:29
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छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण के 1324 नए मामले, 18 लोगों की मौत
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स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि राज्य में सोमवार को 153 लोगों को संक्रमण मुक्त होने के बाद अस्पतालों से छुट्टी दी गई है, वहीं 1586 लोगों ने गृह-पृथकवास पूरा किया है ।

रायपुर। छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटों के दौरान 1324 नए लोगों में कोरोना वायरस संक्रमण की पुष्टि हुई है और राज्य में इस वायरस से संक्रमित हुए लोगों की संख्या 2,37,322 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग ने इसकी जानकारी दी । स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि राज्य में सोमवार को 153 लोगों को संक्रमण मुक्त होने के बाद अस्पतालों से छुट्टी दी गई है, वहीं 1586 लोगों ने गृह-पृथकवास पूरा किया है । राज्य में कोरोना वायरस संक्रमित 18 लोगों की मौत हुई है। विभाग के अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि आज संक्रमण के 1324 मामले आए हैं। इनमें रायपुर जिले से 186, दुर्ग से 169, राजनांदगांव से 73, बालोद से 74, बेमेतरा से 26, कबीरधाम से 28, धमतरी से 33, बलौदाबाजार से 57, महासमुंद से 35, गरियाबंद से 23, बिलासपुर से 103, रायगढ़ से 104, कोरबा से 63, जांजगीर—चांपा से 118, मुंगेली से 14, गौरेला—पेंड्रा—मरवाही से चार, सरगुजा से 30, कोरिया से 21, सूरजपुर से 47, बलरामपुर से 32, जशपुर से आठ, बस्तर से 12, कोंडागांव से 19, दंतेवाड़ा से 18, सुकमा से तीन, कांकेर से 19, नारायणपुर से एक, बीजापुर से दो तथा अन्य राज्य से दो मरीज शामिल हैं।

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अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ में अब तक 2,37,322 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है जिसमें से 2,14,826 मरीज इलाज के बाद संक्रमण मुक्त हुए हैं, राज्य में 19,635 मरीज उपचाराधीन हैं। राज्य में वायरस से संक्रमित 2861 लोगों की मौत हुई है। राज्य के रायपुर जिले में सबसे अधिक 46,526 लोगों में कोरोना वायरस संक्रमण की पुष्टि की गई है। जिले में कोरोना वायरस संक्रमित 656 लोगों की मौत हुई है।





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CM अमरिंदर ने किसानों के संघर्ष को बताया न्यायपूर्ण, कहा- सरकार किसानों की आवाज क्यों नहीं सुन रही

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  दिसंबर 1, 2020   08:15
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CM अमरिंदर ने किसानों के संघर्ष को बताया न्यायपूर्ण, कहा- सरकार किसानों की आवाज क्यों नहीं सुन रही
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पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा कि उनकी सरकार इन ‘काले कानूनों’ के खिलाफ किसानों के साथ खड़ी रहेगी। उन्होंने कहा कि राज्यपाल इस विधेयक को राष्ट्रपति के पास भेजने की जगह उस पर ‘बैठ’ गए हैं।

सुलतानपुर लोधी। पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने सोमवार को कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के संघर्ष को ‘न्यायपूर्ण’ बताते हुये केंद्र सरकार से सवाल किया कि वह किसानों की आवाज क्यों नहीं सुन रही है और इस मुद्दे पर उसका हठी रवैया क्यों है। सिंह ने दोहराया कि उनकी सरकार इन ‘काले कानूनों’ के खिलाफ किसानों के साथ खड़ी रहेगी।

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मुख्यमंत्री ने ऐतिहासिक कस्बों सुल्तानपुर लोधी और डेरा बाबा नानक की यात्रा के दौरान अनौपचारिक तौर पर मीडियाकर्मियों से बातचीत के दौरान कहा, ‘‘ जनता की बात सुनना सरकार का काम है । अगर कई राज्यों के किसान इस प्रदर्शन में शामिल हो रहे हैं तो इसका मतलब है कि वे वास्तव में दुखी हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इन कानूनों को किसानों के लिए फायदेमंद बताने के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मोदी शुरू से यही कह रहे हैं और यही वजह है कि पंजाब इसके लिए अपने विधेयक लेकर आया। उन्होंने कहा कि राज्यपाल इस विधेयक को राष्ट्रपति के पास भेजने की जगह उस पर ‘बैठ’ गए हैं।





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