अल्पसंख्यकों के वोट हासिल करने के लिए नयी राजनीतिक पार्टी को भाजपा का समर्थन: ममता बनर्जी

Mamata
बनर्जी का प्रत्यक्ष तौर पर इशारा ‘इंडियन सेक्युलर फ्रंट’ की ओर था। बनर्जी 24 परगना जिले में एक चुनावी रैली को संबोधित कर रहीं थीं। उन्होंने किसी दल अथवा व्यक्ति का नाम लिए बिना कहा कि उस पार्टी के संस्थापक को भाजपा से धन मिलता है।
पठार प्रतिमा (पश्चिम बंगाल)। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भाजपा पर आने वाले विधानसभा चुनाव में अल्पसंख्यकों के वोट हासिल करने के लिए एक नयी राजनीतिक पार्टी को समर्थन देने का बृहस्पतिवार को आरोप लगाया। बनर्जी का प्रत्यक्ष तौर पर इशारा ‘इंडियन सेक्युलर फ्रंट’ की ओर था। बनर्जी 24 परगना जिले में एक चुनावी रैली को संबोधित कर रहीं थीं। उन्होंने किसी दल अथवा व्यक्ति का नाम लिए बिना कहा कि उस पार्टी के संस्थापक को भाजपा से धन मिलता है। उन्होंने कहा,‘‘ भाजपा के इशारे पर राज्य में एक नए राजनीतिक दल का गठन हुआ है , जिसका मकसद अल्पसंख्यकों के वोट हासिल करना और भगवा दल की मदद करना है। कृपया करके उसके उम्मीदवार को वोट नहीं दीजिएगा।’’ 

इसे भी पढ़ें: बंगाल के धरती पर अब कोई मां का लाल दुर्गा पूजा, सरस्वती पूजा नहीं रोक पाएगा: राजनाथ

मुस्लिम उलेमा अब्बास सिद्दीकी ने हाल ही में आईएसएफ का गठन किया है और विधानसभा चुनाव में यह दल वाम-कांग्रेस गठबंधन को समर्थन दे रहा है। राज्य में पहले चरण का चुनाव शनिवार को होना है। सिद्दीकी ने ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख एवं सांसद असदुद्दीन ओवैसी से मुलाकात करके राजनीतिक हलचल बढ़ा दी हैं। बनर्जी ने कहा कि माकपा और कांग्रेस की भाजपा के साथ साठगांठ है। उन्होंने कहा कि केवल तृणमूल कांग्रेस राज्य में संशोधित नागरिकता कानून तथा एनपीआर को लागू होने से रोक सकती है और विभिन्न समुदायों के बीच मित्रता सुनिश्चित कर सकती है। तृणमूल कांग्रेस और अपने खिलाफ भाजपा के आरोपों पर बनर्जी ने कहा, ‘‘ मुझे चोर और हत्यारा कहा जा रहा है क्योंकि मुझे जनता से प्यार है और जब भी जरूरत होती है, मैं उनके साथ खड़े होने के लिए दौड़ पड़ती हूं।’’ उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह को ‘‘चोरों का सरताज’’ कहा। साथ ही उनसे ‘‘लाखों कर्मचारियों के प्रॉविडेंट फंड के बकाए ’’ और सार्वजनिक उपक्रमों में हिस्सेदारी को बेचने के संबंध में स्पष्टीकरण देने को कहा। 

इसे भी पढ़ें: 'दीदी' पर बरसे अमित शाह, बोले- बंगाल का छोटा बच्चा भी खेलता है 'फुटबॉल', आपके 'खेला होबे' से कोई नहीं डरता

राज्य में चक्रवात अम्फान और उसके बाद उठाए गए राहत कदमों पर बनर्जी ने कहा,‘‘ एक लाख करोड़ रुपए के नुकसान में से उन्होंने (मोदी) केवल छोटी सी राशि (एक करोड़) सहयोग के तौर पर देने का वादा किया। लेकिन ये किसका धन है? यह राज्य का धन है। केन्द्र ने बंगाल पर कोई उपकार नहीं किया।’’ उन्होंने केन्द्रीय गृह मंत्री की, जन सभाओं में यह पूछने के लिए आलोचना की कि तृणमूल कांग्रेस ने राज्य के लिए किया क्या है। मुख्यमंत्री ने कहा,‘‘ मुझे उनसे पूछना है कि क्या ‘कन्याश्री’, ‘सबुजसाथी’ और ‘खाद्यसाथी’ जैसी योजनाएं आपने शुरू की हैं? क्या आपने ‘दुआरे सरकार’ और इसकी सफलता के बारे में सुना है? क्या आपने नि:शुल्क राशन दिया है?’’ उन्होंने कहा ,‘‘ अगर तृणमूल सत्ता में लौटी तो वह समाज के सभी वर्गों के लिए इस प्रकार की और भी कल्याणकारी योजनाएं लाएगी।’’ बनर्जी ने 24 परगना जिले के सागर में एक अन्य रैली में उनकी पार्टी को दोबारा सत्ता में लाने की लोगों से अपील की।

Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़