• क्या हैक हो सकता है Co-Win पोर्टल या ऐप? सरकार ने दिया यह जवाब

अंकित सिंह Jun 12, 2021 15:45

स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इलेक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की कम्प्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम को-विन प्रणाली को कथित तौर पर हैक करने के मामले की जांच कर रही है।

नयी दिल्ली। देश में कोरोना वायरस संक्रमण के बीच टीकाकरण का भी काम तेजी से चलाया जा रहा है। टीकाकरण के लिए सरकार द्वारा लांच की गई Co-Win ऐप या पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन आवश्यक है। इन सब के बीच अब यह दावा किया जा रहा है कि को Co-Win पोर्टल पर डाले गए आंकड़े लिक हो रहे है। इसके अलावा यह भी कहा जा रहा है कि कोविन पोर्टल आसानी से हैक किया जा सकता है। इसी को लेकर सरकार से भी सवाल पूछा गया। सरकार ने कोविन पोर्टल को हैक करने और आंकड़े लीक होने के दावों को शनिवार को खारिज करते हुए उन्हें ‘‘निराधार’’ बताया।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इलेक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की कम्प्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम को-विन प्रणाली को कथित तौर पर हैक करने के मामले की जांच कर रही है। टीका प्रशासन पर अधिकार प्राप्त समूह के अध्यक्ष डॉ. आर एस शर्मा ने स्पष्ट किया, ‘‘को-विन प्रणाली को कथित तौर पर हैक करने और आंकड़े लीक होने से संबंधित डार्क वेब पर तथाकथित हैकरों के दावे निराधार हैं। हम यह सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर आवश्यक कदम उठाते रहेंगे कि को-विन पर लोगों के आंकड़े सुरक्षित रहें।’’ को-विन पोर्टल कोविड-19 टीकाकरण अभियान का अहम हिस्सा है।