चीन ने गलवान में सैनिकों के मारे जाने की बात कबूली, जारी किया 3 मिनट 20 सेकेंड का वीडियो

चीन ने गलवान में सैनिकों के मारे जाने की बात कबूली, जारी किया 3 मिनट 20 सेकेंड का वीडियो

चीन ने गलवान में सैनिकों के मारे जाने की बात कबूल की है और ग्लोबल टाइम्स ने वीडियो जारी किया है। वीडियो में भारतीय सेना और चाइनीज पीएलए आमने-सामने हैं और उनकी झड़प हो रही है। ये पूरा गलवान नाला था वहां चीन की सेना भारतीय जवानों के साथ धक्का-मुक्की करते हुए नजर आ रहे है।

चीन ने गलवान घाटी का एक वीडियो जारी किया है। इस वीडियो में चीन ये बता रहा है कि जून के महीने में गलवान घाटी में क्या-क्या हुआ। चीन के ग्लोबल टाइम्स ने 3 मिनट 20 सेकेंड का वीडियो जारी किया है। आज ही चीन ने ये स्वीकार  किया कि उसके चार सैनिक मारे गए थे। 15-16 जून को जब कर्नल संतोष बाबू शहीद हुए थे और उनके साथ कुल मिलाकर 20 जवान शहीद हुए थे उस दौरान का ये वीडियो बताया जा रहा है और चीन के द्वारा औपचारिक तौर पर कहा गया है। वीडियो में भारतीय सेना और चाइनीज पीएलए आमने-सामने हैं और उनकी झड़प हो रही है। ये पूरा गलवान नाला था वहां चीन की सेना भारतीय जवानों के साथ धक्का-मुक्की करते हुए नजर आ रहे है। इसके साथ ही सुबह का भी वीडियो है। इसे अलग-अलग पूरी तरह से एडिट करके 3 मिनट 20 सेकेंड का ये वीडियो तैयार किया गया है। 

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 कोर कमांडर लेवल टॉक 

कल कोर कमांडर लेवल टॉक होनी है। गलवान को लेकर इसमें बातचीत होगी। इस समय यहां जो दोनों सेनाओं की दूरी है वो 3 किलोमीटर की  है। भारत और चीन 20 फरवरी यानी शनिवार को एक और दौर की उच्चस्तरीय सैन्य वार्ता करेंगे, ताकि पूर्वी लद्दाख में हॉट स्प्रिंग्स, गोग्रा और देपसांग क्षेत्रों से भी सैनिकों को हटाने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि दसवें दौर की कोर कमांडर स्तर की वार्ता वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चीन की तरफ मोल्दो सीमा बिन्दु पर कल सुबह 10 बजे शुरू होगी। 

4 जवानों के मौत की बात स्वीकारी

चीन की ‘पीपल्स लिबरेशन आर्मी ’(पीएलए) ने शुक्रवार को पहली बार आधिकारिक तौर पर यह स्वीकार किया कि पिछले वर्ष जून में पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी में भारतीय सैनिकों के साथ हुई हिंसक झड़प में उसके चार सैन्यकर्मी मारे गये थे। चीन की आधिकारिक समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने चीनी सेना के अखबार ‘पीएलए डेली’ की एक खबर को उद्धृत करते हुए कहा कि देश के सैन्य प्राधिकारों ने दो सैन्य अधिकारियों और तीन सैनिकों को सम्मानित किया है। चीन की पश्चिमी सीमा की रक्षा करने के लिए उनमें से चार को मरणोपरांत सम्मानित किया गया है।  

वीडियो के पीछे चीन का खेल

इस वीडियो के जरिये रणनीतिक तौर पर दवाब बनाने की कोशिश चीन की तरफ से की गई है। क्योंकि इस वीडियो में चाइनीज पीएलए एग्रेशन दिखाते हुए एलएसी को क्रास करने की कोशिश कर रहा है और भारतीय सेना के साथ झड़प की कोशिश कर रहा है। वो भी उस समय जब डिसइंगेजमेंट प्रोसेसे के तहत दोनों सेनाएं पीछे जाने को लेकर तय हुआ था।  





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