नरेन्द्र मोदी को दावा, भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में लौटेगी

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  मार्च 29, 2019   20:57
नरेन्द्र मोदी को दावा, भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में लौटेगी

मोदी ने इन सुझावों को खारिज कर दिया कि 2014 की तुलना में इस बार विपक्षी एकता अधिक है। उन्होंने कहा, ‘‘यदि आप बारीकी से देखें तो इस बार विपक्ष 2014 की तुलना में ज्यादा बिखरा हुआ है।

नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को विश्वास जताया कि लोकसभा चुनावों के बाद भाजपा ‘‘पूर्ण बहुमत’’ से सत्ता में लौटेगी। उन्होंने कहा कि लोगों ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को 300 से अधिक सीट देकर जीत सुनिश्चित करने का मन बना लिया है। उन्होंने कहा कि लोगों ने भाजपा को समर्थन देने का मन बना लिया है इसलिए वे ‘‘प्रतिस्पर्धी चेहरे’’ की तलाश नहीं कर रहे हैं। ‘रिपब्लिक भारत’ समाचार चैनल को दिए साक्षात्कार में उन्होंने कहा कि उपग्रह भेदी मिसाइल को लांच करने का समय परीक्षण के लिए ‘‘खुला अंतरिक्ष’’ मिलने पर आधारित था। उन्होंने कहा, ‘‘इसे साहसिक कहें या पहल, वे अचानक नहीं होते। आपको विश्व समुदाय को बताने की जरूरत है कि आपको निश्चित समय में अंतरिक्ष की जरूरत है ताकि सुनिश्चित हो सके कि कोई अंतरिक्ष यातायात या टक्कर नहीं हो। आपको खुले आकाश की जरूरत होती है, आपको अंतरिक्ष में जगह तय करने की जरूरत होती है। यह लंबी प्रक्रिया है।’’

मोदी ने इन सुझावों को खारिज कर दिया कि 2014 की तुलना में इस बार विपक्षी एकता अधिक है। उन्होंने कहा, ‘‘यदि आप बारीकी से देखें तो इस बार विपक्ष 2014 की तुलना में ज्यादा बिखरा हुआ है। आप बताइए कि क्या आंध्रप्रदेश, पश्चिम बंगाल में कोई समझौता हुआ? क्या कम्युनिस्ट पार्टियों के साथ समझौता हुआ? क्या ऐसा केरल, ओडिशा में हुआ?’’ उन्होंने चुनावों के बाद विपक्ष के एकजुट होने की संभावना को खारिज करते हुए कहा, ‘‘वे आज एक-दूसरे को नीचा दिखाने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहे हैं। आप उनके बयानों को देखिए।’’उन्होंने कहा कि चुनावों के बाद विपक्ष का एकजुट होना तभी संभव है जब लोग उन्हें कम सीट देंगे। उन्होंने कहा, ‘‘जब देश के लोगों ने नरेन्द्र मोदी को ज्यादा संख्या में सीट देने का मन बना लिया है तो क्या हो सकता है? परिणाम निश्चित है। इस बारे में कोई संदेह नहीं है। देश के लोगों ने निर्णय कर लिया है कि पूर्ण बहुमत की सरकार आएगी। उन्होंने राजग को 300 से अधिक सीट देने का मन बना लिया है।’’ लोकसभा चुनावों में ‘मोदी बनाम कौन’ के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह सवाल 2024 में उठ सकता है। प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘लेकिन 2019 में ऐसी कोई संभावना नहीं है। इस देश के लोगों ने एक पक्ष के बारे में मन बना लिया है। इसलिए देश के लोग प्रतिस्पर्धी चेहरे की तलाश नहीं कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि टीआरपी के लिए समाचार चैनल इस तरह के सवाल खड़े करते हैं।

इसे भी पढ़ें: मोदी सरकार में रोजगार पर हुई ‘सर्जिकल स्ट्राइक’: कांग्रेस

उन्होंने पूछा, ‘‘यह आपके लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि... 2014 में मनमोहन सिंह जी थे। उन्हें मेरे खिलाफ पेश कर आपको टीआरपी नहीं मिली। इसलिए आपने (अरविंद) केजरीवाल को देखा जिनके पास न तो एक विधायक था न ही पार्षद। लेकिन अपनी दुकान चलाने के लिए आपने उनको भविष्य का प्रधानमंत्री बता दिया।’’ बेरोजगारी और सरकार पर विपक्ष के हमले के एक सवाल के जवाब में प्रधानमंत्री ने कहा कि वह नये संस्थान बनाने का प्रयास कर रहे हैं ताकि ‘‘सुचारू व्यवस्था’’ रहे।उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी जब प्रधानमंत्री थे तब भी बेरोजगारी का मुद्दा उठा था। मोदी ने कहा, ‘‘अटल जी के कार्यकाल के बाद आंकड़े आए कि उनके कार्यकाल में छह करोड़ नौकरियां सृजित हुईं। संप्रग के दौरान केवल डेढ़ करोड़ नौकरियों का सृजन हुआ फिर भी उन्होंने अटल जी की सरकार की छवि खराब की। लुटियंस (दिल्ली की) पारिस्थितिकी ढोल बजाती रहती है।’’ रोजगार सृजन के अपनी सरकार के प्रयासों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि मुद्रा योजना के माध्यम से चार करोड़ लोगों ने बैंकों से धन लिया है। उन्होंने कहा, ‘‘चार करोड़ लोगों ने पहली बार धन लिया है। उन्होंने कुछ रोजगार शुरू किया होगा, उन्होंने किसी को रोजगार दिया होगा। मैं आपको क्या बताऊं? ईपीएफओ में एक करोड़ से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराए। इसके लिए धन दिया जाना चाहिए, यह मुफ्त नहीं है।’’





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।