असम में एआईयूडीएफ की बैसाखी पर आगे बढ़ रही है कांग्रेस: जितेंद्र सिंह

Jitendra Singh
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं द्वारा लोगों को इसका स्पष्टीकरण देना बनता है कि क्या उन्होंने बदरुद्दीन अजमल के रूप में तरुण गोगोई का स्थानापन्न खोज लिया है जिन्हें वे अपने मुख्यमंत्री उम्मीदवार के रूप में पेश’’ करने की कोशिश कर रहे हैं।
गुवाहाटी। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सोमवार को आरोप लगाया कि कांग्रेस ने असम में अपने चुनाव अभियान को ‘आउटसोर्स’ कर दिया है और एआईयूडीएफ के बदरुद्दीन अजमल द्वारा पेश ‘‘बैसाखी’’ पर चल रही है। कांग्रेस ने अजमल के आल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (एआईयूडीएफ) के साथ गठबंधन किया है, जिसके बारे में माना जाता है कि उसे राज्य की लगभग 35 प्रतिशत मुस्लिम आबादी के बीच एक बड़ा समर्थन हासिल है। सिंह ने कहा कि अजमल के साथ गठबंधन करके कांग्रेस ने राज्य में अपने सबसे बड़े नेताओं में से एक स्वर्गीय तरुण गोगोई की विरासत को नष्ट कर दिया है जो 15 वर्षों तक असम के मुख्यमंत्री थे। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गोगोई अजमल या उनकी पार्टी के साथ किसी भी गठबंधन के विरोध में थे, क्योंकि वे राज्य के लोगों की भावनाओं के प्रति संवेदनशील थे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं द्वारा लोगों को इसका स्पष्टीकरण देना बनता है कि क्या उन्होंने बदरुद्दीन अजमल के रूप में तरुण गोगोई का स्थानापन्न खोज लिया है जिन्हें वे अपने मुख्यमंत्री उम्मीदवार के रूप में पेश’’ करने की कोशिश कर रहे हैं। 

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सिंह ने कहा, ‘‘कांग्रेस ने असम में अपने चुनाव अभियान को ‘आउटसोर्स’ कर दिया है और एआईयूडीएफ के बदरुद्दीन अजमल द्वारा दी गई बैसाखी पर खुद को आगे बढ़ा रही है।’’ उन्होंने कहा कि कांग्रेस के 60 साल के शासन ने असमिया मानस में अलगाव की भावना उत्पन्न की और एक ऐसी स्थिति उत्पन्न की जिसमें केंद्र के किसी भी कांग्रेसी मंत्री ने बहुत कम ही राज्य का दौरा किया और जब किया भी तो उसे भारत के एक मंत्री का दौरा बताया जाता था।

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