मप्र उपचुनाव: झूठे मामलों को लेकर कांग्रेस का धरना, जीतू पटवारी की पुलिस अधिकारियों से हुई तीखी बहस

Jitu Patwari
धरने के बाद कांग्रेस विधायक जीतू पटवारी ने कहा कि सूबे की 28 विधानसभा सीटों पर तीन नवंबर को होने वाले उपचुनावों से पहले पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ की लोकप्रियता से भाजपा बौखला गई है।

इंदौर। मध्य प्रदेश में सत्तारूढ़ भाजपा के नेताओं के इशारे पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ झूठे मामले दर्ज किए जाने का आरोप लगाते हुए मुख्य विपक्षी दल के करीब 300 लोगों ने बुधवार को यहां पुलिस नियंत्रण कक्ष के मुख्य द्वार पर धरना दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक धरने के दौरान राज्य के पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री और राऊ क्षेत्र के कांग्रेस विधायक जीतू पटवारी की पुलिस अधिकारियों से तीखी बहस भी हुई। धरने के बाद पटवारी ने संवाददाताओं से कहा कि सूबे की 28 विधानसभा सीटों पर तीन नवंबर को होने वाले उपचुनावों से पहले पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ की लोकप्रियता से भाजपा बौखला गई है। भाजपा नेताओं के इशारे पर हमारे कार्यकर्ताओं के खिलाफ राज्य भर में 400 से ज्यादा झूठे मामले दर्ज किए गए हैं। 

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उन्होंने कहा कि राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा, पुलिस और प्रशासन का दुरुपयोग कर उपचुनाव लड़ना चाहती है। हमारी मांग है कि निर्वाचन आयोग के पर्यवेक्षक कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर चुनावी बेला में दर्ज झूठे मामलों का संज्ञान लें और निष्पक्ष कदम उठाएं। पटवारी ने विस्तृत ब्योरा दिए बगैर यह आरोप भी लगाया कि भाजपा के एक नेता ने कांग्रेस के एक कार्यकर्ता के पूर्व सरपंच पिता को कॉल कर धमकाया कि अगर वह भाजपा में शामिल नहीं होते हैं, तो उन्हें हवालात में बंद होना पड़ेगा। हालांकि, उन्होंने संवाददाताओं के पूछे जाने के बावजूद कांग्रेस कार्यकर्ता के पिता को कथित तौर पर फोन करने वाले भाजपा नेता का नाम नहीं बताया। धरना स्थल पर बैरिकेड लगाकर बड़ी तादाद में पुलिस कर्मी तैनात किए गए थे।

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