प्रेस एसोसिएशन ने पीसीआई के मौजूदा अध्यक्ष का कार्यकाल समाप्त होने को आसन्न संकट करार दिया

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  नवंबर 22, 2021   06:43
प्रेस एसोसिएशन ने पीसीआई के मौजूदा अध्यक्ष का कार्यकाल समाप्त होने को  आसन्न संकट  करार दिया

बयान में कहा गया, प्रेस एसोसिएशन भारतीय प्रेस परिषद में आसन्न संकट पर गंभीर चिंता व्यक्त करता है, क्योंकि इसके (नए) अध्यक्ष की नियुक्ति नहीं की गई है जबकि मौजूदा अध्यक्ष न्यायमूर्ति सी.के. प्रसाद का विस्तारित कार्यकाल रविवार को समाप्त हो रहा है।

नयी दिल्ली| प्रेस एसोसिएशन ने कहा है कि भारतीय प्रेस परिषद (पीसीआई) में एक आसन्न संकट है क्योंकि सरकार ने अभी तक इसका नया अध्यक्ष नियुक्त नहीं किया है, जबकि मौजूदा अध्यक्ष का विस्तारित कार्यकाल रविवार को समाप्त हो गया।

पत्रकार निकाय ने एक बयान में कहा कि न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) सी. के. प्रसाद का परिषद के अध्यक्ष के रूप में तीन साल का कार्यकाल मई में समाप्त हो गया था, हालांकि, पीसीआई अधिनियम 1978 के अनुसार, उन्होंने छह और महीनों के लिए परिषद के अध्यक्ष के रूप में काम करना जारी रखा।

इसे भी पढ़ें: सिद्धू के इमरान को ‘‘बड़ा भाई’’ कहने को आम आदमी पार्टी ने बेहद चिंताजनक बताया

बयान में कहा गया, प्रेस एसोसिएशन भारतीय प्रेस परिषद में आसन्न संकट पर गंभीर चिंता व्यक्त करता है, क्योंकि इसके (नए) अध्यक्ष की नियुक्ति नहीं की गई है जबकि मौजूदा अध्यक्ष न्यायमूर्ति सी.के. प्रसाद का विस्तारित कार्यकाल रविवार को समाप्त हो रहा है।

एसोसिएशन ने कहा कि पीसीआई अधिनियम में कोई प्रावधान नहीं है कि मौजूदा अध्यक्ष अपने विस्तारित कार्यकाल की समाप्ति के बाद नए अध्यक्ष की नियुक्ति और कार्यभार संभालने तक पद पर बने रह सकते हैं।

इसने कहा कि नए अध्यक्ष की नियुक्ति तक परिषद की कोई बैठक नहीं हो सकती है और परिषद के कर्मचारी भी अध्यक्ष की अनुपस्थिति में वेतन नहीं ले पाएंगे।

इसे भी पढ़ें: न्यायालय ने अपने निर्देशों के विपरीत अधिसूचना जारी करने पर गुजरात से नाखुशी जताई





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

Prabhasakshi logoखबरें और भी हैं...

राष्ट्रीय

झरोखे से...