• पटना में 72 घंटे से जारी है गोलीबारी, बालू घाट पर है वर्चस्व को लेकर गैंगवार

बिहटा और मनेर से सटे सोन घाटों पर लाल बालू के वर्चस्व को लेकर फौजिया और सिपाही गुट आमने-सामने आ गए। गुरुवार से शुरु हुई गोलीबारी शनिवार तक चलती रही जिसकी आवाजें सोन किनारे के कई गांव के लोगों को सुनाई पड़ी। इस घटना के बाद से आसपास के ग्रामीण भी दहशत में जिंदगी गुजार रहे हैं।

बिहार की राजधानी पटना से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। दरअसल यहां के बालू घाटों पर एक बार फिर वर्चस्व की लड़ाई शुरु हो गई है। वर्चस्व की इस लड़ाई में दोनों तरफ से जमकर गोलियां चलाई गई। यह मामला पटना से सटे दानापुर इलाके का है। 

बिहटा और मनेर से सटे सोन घाटों पर लाल बालू के वर्चस्व को लेकर फौजिया और सिपाही गुट आमने-सामने आ गए। गुरुवार से शुरु हुई गोलीबारी शनिवार तक चलती रही जिसकी आवाजें सोन किनारे के कई गांव के लोगों को सुनाई पड़ी। इस घटना के बाद से आसपास के ग्रामीण भी दहशत में जिंदगी गुजार रहे हैं। खनन विभाग ने बुधवार को अवैध खनन पर छापेमारी की थी।

72 घंटे से जारी है फायरिंग

खनन विभाग की इस कार्रवाई में आधा दर्जन से ज्यादा पोकलेन मशीनों को जब्त किया गया। इसके बाद फौजिया ग्रुप द्वारा सिपाही गुट के एक पोकलेन मशीन पर जबरन अपना कब्जा जमाने के लिए ताबड़तोड़ फायरिंग करना शुरु कर दिया जहां दूसरे पक्ष के लोगों ने भी जवाबी फायरिंग करते हुए इसका जवाब दिया। इलाके में लगातार 72 घंटे से फायरिंग जारी है। 

इस बारे में गांववालों को कहना है कि लगातार कई दिनों से महुई महाल बालू घाट पर अपने वर्चस्व को लेकर दो गुटों में जमकर फायरिंग जारी है। शनिवार को सारे दिन गोलीबारी होती रही जिसके बाद गांव के लोग डर के साए में जी रहे हैं लेकिन पुलिस प्रशासन सबकुछ जानकर अनजान बनी बैठी रहती है।   

शिकायत हुई तो निश्चित तौर पर होगी कार्रवाई

इस संबंध में स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों ने कहा कि हमारे इलाके में कोई गोलीबारी की घटना नहीं हुई है। साथ ही उन्होंने कहा कि इस मामले में कोई शिकायत भी दर्ज कराने नहीं आया है। स्थानीय पुलिस कह रही है कि अगर कोई शिकायत कराने आया तो निश्चित तौर पर कार्रवाई की जाएगी