उप्र के पूर्वी हिस्सों में अगले दो दिन तक अनेक स्थानों पर बारिश होने का अनुमान

Heavy rain
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उत्तर प्रदेश में पिछले दिनों जोरदार बारिश होने के बाद अब भी मॉनसून की सक्रियता बरकरार है और अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के पूर्वी हिस्सों में अनेक स्थानों पर फिर बारिश होने का अनुमान है। इसी के साथ राज्य में एक बार फिर बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

उत्तर प्रदेश में पिछले दिनों जोरदार बारिश होने के बाद अब भी मॉनसून की सक्रियता बरकरार है और अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के पूर्वी हिस्सों में अनेक स्थानों पर फिर बारिश होने का अनुमान है। इसी के साथ राज्य में एक बार फिर बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुआनो नदी की बाढ़ के मद्देनजर इसके प्रभाव क्षेत्र में आने वाले नौ जिलों के पुलिस तथा प्रशासनिक अधिकारियों को बाढ़ राहत के पूरे इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं।

लखनऊ स्थित आंचलिक मौसम केंद्र ने राज्य के पूर्वी हिस्सों के 15 जिलों में अगले 24 से 48 घंटे के दौरान गरज चमक के साथ बारिश होने का अनुमान जताया है। राहत आयुक्त कार्यालय से रविवार को प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक कुआनो नदी गोंडा में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। इसके अलावा घाघरा नदी बाराबंकी तथा अयोध्या में, शारदा नदी लखीमपुर खीरी में, राप्ती नदी श्रावस्ती में तथा बूढ़ी राप्ती सिद्धार्थनगर में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।

राज्य सरकार के एक प्रवक्ता के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी ने गोण्डा जिले में चन्द्रदीप घाट पर कुआनो नदी के खतरे के निशान को पार करने तथा नदी के जलस्तर में हो रही वृद्धि के मद्देनजर नदी के प्रवाह क्षेत्र से सम्बन्धित जिलों में अलर्ट के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने गोण्डा, बस्ती, अम्बेडकरनगर, संतकबीरनगर, गोरखपुर, आजमगढ़, देवरिया, मऊ, बलिया, अयोध्या जिलों के जिलाधिकारियों और पुलिस प्रमुखों को निर्देश दिए हैं कि बाढ़ के सम्भावित खतरे को देखते हुए गांवों और शहरों में लोगों की सुरक्षा, बचाव एवं राहत के लिए व्यवस्थित इंतज़ाम कर लिए जाएं।

राहत आयुक्त कार्यालय की रिपोर्ट के मुताबिक इस वक्त गोंडा, बहराइच, कुशीनगर, मऊ और सीतापुर में कुल 31 गांव बाढ़ की चपेट में हैं। शनिवार तक लखीमपुर खीरी, कुशीनगर और मऊ के पांच गांव ही सैलाब से प्रभावित थे। प्रदेश में पिछले महीने और इस महीने के शुरू में 12 से ज्यादा जिलों के 1000 से अधिक गांव बाढ़ से प्रभावित हुए थे, जिससे फसलों को व्यापक नुकसान हुआ था। मौसम केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश में मानसून सक्रिय बना हुआ है और24 घंटों के दौरान प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हुई।

इस दौरान बहेड़ी (बरेली) में सबसे ज्यादा 18 सेंटीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा देवरिया में 15, निचलौल (महराजगंज) में 13, बिलारी (मुरादाबाद) में सात, रामपुर में छह, महराजगंज, चंद्रदीप घाट (गोरखपुर), नौतनवा (महराजगंज) गायघाट और बलिया में पांच-पांच सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। प्रदेश के अनेक हिस्सों में पिछले दो दिन से हुई बारिश से तापमान में खासी गिरावट महसूस की गई। पिछले 24 घंटे के दौरान प्रदेश के गोरखपुर, लखनऊ, मुरादाबाद, अयोध्या, कानपुर, बरेली तथा झांसी मंडलों के विभिन्न जिलों में दिन का तापमान सामान्य से कम रहा।

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