बार एसोसिएशन जिस प्रकार से इस मामले को उठा रही है, उस तरह से इसे देखने की जरूरत नहीं, बोले जय राम ठाकुर

Jai Ram Thakur
शिमला स्थित श्री रामकृष्ण मठ मिशन आश्रम के मंदिर में कुछ लोगों द्वारा आश्रम के प्रतिनिधियों के साथ किए दुर्व्यवहार की घटना बेहद निंदनीय है।आश्रम के संतों द्वारा की गई शिकायत पर प्रदेश पुलिस ने उचित कार्रवाई की है। हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं एवं ऋषी-मुनियों की पुण्य भूमि है, यहां इस तरह की घटनाओं से आमजन के श्रद्धाभाव पर ठेस पहुंचती है।जनता से आग्रह है कि धार्मिक स्थानों पर तय नियमों का पालन करें

शिमला।  हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला के राम कृष्ण आश्रम के मामले में वकीलों की ओर से प्रदेश पुलिस महानिदेशक संजय कुंडू के खिलाफ छेड़े गये आंदोलन पर पुलिस कार्रवाई को उचित करार देते हुए डीजीपी की पीठ थपथपाई है। 

सीएम जयराम ठाकुर ने कहा,शिमला स्थित श्री रामकृष्ण मठ मिशन आश्रम के मंदिर में कुछ लोगों द्वारा आश्रम के प्रतिनिधियों के साथ किए दुर्व्यवहार की घटना बेहद निंदनीय है।आश्रम के संतों द्वारा की गई शिकायत पर प्रदेश पुलिस ने उचित कार्रवाई की है। हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं एवं ऋषी-मुनियों की पुण्य भूमि है, यहां इस तरह की घटनाओं से आमजन के श्रद्धाभाव पर ठेस पहुंचती है।जनता से आग्रह है कि धार्मिक स्थानों पर तय नियमों का पालन करें।

दरअसल, शिमला के रामकृष्ण मिशन आश्रम के मंदिर परिसर में कुत्तों को लेकर एक महिला आ गई , इस दौरान एक कुत्ता मंदिर के गर्भगृह में देखा गया। जहां महिला व साधुओं के बीच इस मामले में बहस भी हुई।  जिसके बाद शिकायत पर पुलिस ने भी मामला दर्ज किया गया। विवाद सुलझाने के लिये डीजीपी संजय कुंडू मौका पर चले गये। जिससे मामले ने नया मोड़ ले लिया। लेकिन हिमाचल के सीएम ने अभी तक पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई की सराहना की है।

महिला वकील ज्योतिका से बदसलूकी और गलत तरीके से कार्रवाई करने के आरोपों पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि बार एसोसिएशन जिस प्रकार से इस मामले को उठा रही है, उस तरह से इसे देखने की जरूरत ही नहीं है।

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि साधु समाज के साथ दुर्व्यवहार करना और उनके कार्यक्षेत्र में बार-बार दखल देने व कुत्ते भेजने के प्रयास हुए। उन्होंने कहा कि अगर कोई वकालत करता है तो उसका सम्मान है। बाकी आदमी की छोड़िए, डीजीपी के साथ जिस तरह का व्यवहार किया गया है, वह निंदनीय है और कार्रवाई का जो भी रास्ता बनता है, वह होनी चाहिए। 

सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि उनके पास रामकृष्ण मिशन की ओर से बार-बार इस बात के लिए आग्रह आया और वे मान ही नहीं रहे थे। प्रदेश पुलिस प्रमुख कहीं भी जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि किसी की भी हिंदू संगठन या संस्था के प्रति आस्था है तो उसे कैसे रोका जा सकता है। बहुत ही गलत तरीके से इस चीज को आकार देने की कोशिश की गई है। जो मुजरिम है, उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।

उन्हें जानकारी मिली है कि इसे एक मकसद के साथ किया गया है कि संपत्ति पर कब्जा करने के प्रयास किए गए हैं। बार-बार वहां रह रहे लोगों को तंग करने के प्रयास किए गए हैं। उस समाज की ओर से शिकायत हुई है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर बोले कि डीजीपी होने के नाते उन्होंने प्रयास किया कि कानून को हाथ में नहीं ले सकते। ऐसी परिस्थिति में डीजीपी की उपस्थिति में दुर्व्यवहार किया गया। कानूनी कार्रवाई हुई है। आने वाले वक्त में भी होगी।  

हिमाचल पुलिस ने अपने फेसबुक पोस्ट पर लिखा है, एक महिला कई कुत्तों के साथ श्री राम कृष्ण मिशन मंदिर परिसर में घुस आयीं और वहां मौजूद पुजारियों को डराया धमकाया. यह न केवल आपराधिक धमकी का कृत्य है बल्कि हिंदुओं द्वारा पवित्र माने जाने वाले मंदिर के गर्भगृह को अपवित्र करना भी है। हिमाचल प्रदेश, जिसे देवभूमि के नाम से भी जाना जाता है, अपने देवी-देवताओं और मंदिरों को सर्वोच्च सम्मान प्रदान करता है। हम अपने पूजा स्थलों और पुजारियों के अपमान और धमकी जैसे कृत्यों को सहन नहीं कर सकते। शिमला पुलिस ने मंदिर के पुजारियों की शिकायत पर इस मामले में त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी है.

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