आईआरएस कॉल सेंटर घोटाला: सागर का सहायक गिरफ्तार

सागर ठक्कर के मुख्य सहयोगी को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया है। आईआरएस घोटाले में कॉल सेंटर के माध्यम से अमेरिकी अधिकारी बन कर 30 करोड़ डॉलर की ठगी की गई थी।

ठाणे। आईआरएस घोटाले के कथित सरगना सागर ठक्कर के मुख्य सहयोगी को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया है। आईआरएस घोटाले में कॉल सेंटर के माध्यम से अमेरिकी अधिकारी बन कर अमेरिकी लोगों से 30 करोड़ डॉलर की ठगी की गई थी। ठाणे अपराध शाखा के एक वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक ने आज बताया कि ठक्कर के साथ करीबी तौर पर काम करने वाले आशीष चौधरी को रविवार को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया है। वह पिछले साल अक्तूबर में घोटाले का भांडाफोड़ होने के बाद से फरार था।

उन्होंने नाम न उजागर करने की शर्त पर बताया कि चौधरी को आगे की जांच के लिए ठाणे लाया जाएगा। उन्होंने और जानकारी नहीं दी। अधिकारी ने कहा कि आरोपी लोगों द्वारा इस्तेमाल किए गए आई ट्यून गिफ्ट कार्ड के 16 अंकों वाले कोड की रीडिमिंग करता था और फिर मीरा रोड इलाके में स्थित अपने कॉल सेंटर से उन्हें फोन करके धमकी देता था। उन्होंने कहा कि कॉल सेंटर का कर्मी 16 अंक वाले कोड को हासिल करने के बाद इसे सागर को देता था जो इसे चौधरी को देता था ताकि वे इन कार्ड की रीडिमिंग कर ले। अधिकारी ने कहा कि रीडिमिंग और आई-ट्यून कोड को नकद में बदलने की की प्रक्रिया अभी स्पष्ट नहीं है। उन्होंने कहा कि चौधरी से पूछताछ करने के बाद तौर तरीके स्पष्ट हो पाएंगे। आठ अप्रैल को ठक्कर उर्फ शग्गी को दुबई से आने पर मुंबई हवाई अड्डे से गिरफ्तार कर लिया गया था।

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