नेतृत्व और संसाधनों के संकट में घिरे कश्मीर के आतंकी संगठन: राजनाथ

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Publish Date: Jul 8 2019 4:14PM
नेतृत्व और संसाधनों के संकट में घिरे कश्मीर के आतंकी संगठन: राजनाथ
Image Source: Google

रक्षा मंत्री ने बताया कि आतंकी हमलों और सामरिक कार्रवाई में 2018 में सेना के 12 जवान शहीद हुये। जबकि 2017 में यह संख्या 13 और 2016 में छह थी।

नयी दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि जम्मू कश्मीर में सुरक्षा बलों की सजग निगरानी और प्रभावी कार्रवाई के कारण राज्य में सक्रिय आतंकवादी संगठन नेतृत्व और संसाधनों के संकट में घिर गये हैं। सिंह ने सोमवार को राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान एक सवाल के जवाब में बताया कि राज्य में पुलवामा आतंकी हमले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) अभी कर रही है। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद ही गृह मंत्री इसके बारे में सदन को सूचित कर सकेंगे। 

इसे भी पढ़ें: लोकसभा में उठा कर्नाटक मामला, राजनाथ ने दिया जवाब

उन्होंने बताया कि सेना राज्य में आतंकी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के लिये सुरक्षा बल, राज्य पुलिस बल और खुफिया तंत्र के बीच बेहतर तालमेल कायम कर रही है। सिंह ने कहा कि आतंकवादी गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है जिसकी वजह से आतंकी संगठन इस समय नेतृत्व और संसाधनों के संकट का सामना कर रहे हैं। रक्षा मंत्री ने बताया कि आतंकी हमलों और सामरिक कार्रवाई में 2018 में सेना के 12 जवान शहीद हुये। जबकि 2017 में यह संख्या 13 और 2016 में छह थी।
 


रहना है हर खबर से अपडेट तो तुरंत डाउनलोड करें प्रभासाक्षी एंड्रॉयड ऐप   


Related Story

Related Video