1988 रोड रेज मामले में नवजोत सिंह सिद्धू ने किया आत्मसमर्पण, सुप्रीम कोर्ट ने सुनाई थी एक साल की सजा

Navjot Singh Sidhu
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कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू के मीडिया सलाहकार सुरिंदर दल्ला ने बताया कि उन्होंने (नवजोत सिंह सिद्धू) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। वह न्यायिक हिरासत में है। मेडिकल जांच व अन्य कानूनी प्रक्रियाएं अपनाई जाएंगी। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता को एक साल के सश्रण कारावास की सजा सुनाई थी।

चंडीगढ़। पूर्व क्रिकेटर और कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने शुक्रवार को पटियाला कोर्ट के समक्ष आत्मसमर्पण किया। कांग्रेस नेता के मीडिया सलाहकार सुरिंदर दल्ला ने इसकी जानकारी दी। आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता को साल 1988 के रोड रेज मामले में गुरुवार को बड़ा झटका देते हुए एक साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई थी। जिसके बाद नवजोत सिंह सिद्धू शुक्रवार को पटियाला कोर्ट में आत्मसमर्पण करने के लिए पहुंचे। 

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समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, नवजोत सिंह सिद्धू के मीडिया सलाहकार सुरिंदर दल्ला ने बताया कि उन्होंने (नवजोत सिंह सिद्धू) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। वह न्यायिक हिरासत में है। मेडिकल जांच व अन्य कानूनी प्रक्रियाएं अपनाई जाएंगी। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, नवजोत सिंह सिद्धू अपने आवास से जब कोर्ट जा रहे थे, उस वक्त उनके साथ कांग्रेस के कई अन्य नेता भी मौजूद रहे। जिनमें नवतेज सिंह चीमा भी शामिल थे। 

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क्या है पूरा मामला ?

लगभग 34 साल पहले सड़क पर हुई हाथापाई की इस घटना में 65 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। उस समय नवजोत सिंह सिद्धू की उम्र लगभग 25 साल थी। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने नवजोत सिंह सिद्धू को पहले इस मामले में केवल एक हजार रुपये का जुर्माना लगाकर छोड़ दिया था। इसके खिलाफ पीड़ित परिवार ने पुनर्विचार याचिका दाखिल की थी। जिसे सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार करते हुए नवजोत सिंह सिद्धू को एक साल के सश्रण कारावास की सजा सुनाई थी।

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