ड्रग्स मामला: महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक के दामाद को NCB ने किया गिरफ्तार

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 14, 2021   08:47
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ड्रग्स मामला: महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक के दामाद को NCB ने किया गिरफ्तार

केन्द्रीय एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया कि मलिक के दामाद समीर खान को दक्षिण मुंबई के बलार्ड एस्टेट स्थित एनसीबी के कार्यालय में पूछताछ के लिए बुलाया गया था।

मुंबई। महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री नवाब मलिक के दामाद समीर खान को ड्रग्स मामले में स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) ने बुधवार को गिरफ्तार किया। केन्द्रीय एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया कि मलिक के दामाद समीर खान को दक्षिण मुंबई के बलार्ड एस्टेट स्थित एनसीबी के कार्यालय में पूछताछ के लिए बुलाया गया था। खान सुबह लगभग 10 बजे वहां पहुंचे और कई घंटे की पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। 

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सूत्रों ने बताया कि ड्रग्स मामले के एक आरोपी और उनके बीच 20,000 रुपये का कथित ऑनलाइन लेन-देन का मामला सामने आने के बाद एजेंसी ने उन्हें तलब किया। इस मामले में ब्रिटिश नागरिक करण सजनानी और दो अन्य को पिछले सप्ताह 200 किलोग्राम मादक पदार्थों के साथ गिरफ्तार किया गया था। गौरतलब है कि एजेंसी ने मंगलवार को मुंबई के प्रसिद्ध मुच्छड़ पानवाला दुकान के एक मालिक रामकुमार तिवारी को गिरफ्तार किया।





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विधान परिषद चुनाव: भाजपा के 10 और सपा के दो उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 21, 2021   19:16
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विधान परिषद चुनाव: भाजपा के 10 और सपा के दो उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित

रिटर्निंग ऑफिसर बृज भूषण दुबे ने बताया कि नामांकन वापसी की अवधि गुजरने के साथ ही आज विधान परिषद चुनाव के सभी 12 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिए गए। उन सभी को प्रमाण पत्र दिये गए हैं।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 12 सीटों के लिए नामांकन दाखिल करने वाले इतने ही प्रत्याशी बृहस्पतिवार को निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिए गए। इनमें भाजपा के 10 और समाजवादी पार्टी (सपा) के दो उम्मीदवार शामिल हैं। रिटर्निंग ऑफिसर बृज भूषण दुबे ने बताया कि नामांकन वापसी की अवधि गुजरने के साथ ही आज विधान परिषद चुनाव के सभी 12 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिए गए। उन सभी को प्रमाण पत्र दिये गए हैं।

दरअसल मंगलवार को नामांकन पत्रों की जांच के दौरान निर्दलीय प्रत्याशी महेश चंद्र शर्मा का नामांकन निरस्त होने के बाद बाकी बचे 12 उम्मीदवारों का निर्विरोध निर्वाचन तय हो गया था। दुबे ने बताया कि शर्मा का नामांकन इसलिए निरस्त किया गया क्योंकि उनका कोई प्रस्तावक नहीं था। उन्होंने बताया कि साथ ही नामांकन के लिए जरूरी शुल्क जमा करने की रसीद भी संलग्न नहीं की गई थी। प्रदेश विधान परिषद की 12 सीटों के लिए नाम वापसी की आखिरी तारीख 21 जनवरी थी। जरूरत पड़ने पर 28 जनवरी को मतदान का कार्यक्रम था। 

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निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए भाजपा के उम्मीदवारों में उपमुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा, पूर्व आईएएस अधिकारी एके शर्मा, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह तथा लक्ष्मण प्रसाद आचार्य, कुंवर मानवेंद्र सिंह, गोविंद नारायण शुक्ला, सलिल विश्नोई, अश्वनी त्यागी, धर्मवीर प्रजापति तथा सुरेंद्र चौधरी शामिल हैं। वहीं, सपा के अहमद हसन और राजेंद्र चौधरी भी निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं।





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फुरफुरा शरीफ के मौलाना अब्बास सिद्दीकी ने बंगाल में बनाया नया राजनीतिक संगठन

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 21, 2021   19:08
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फुरफुरा शरीफ के मौलाना अब्बास सिद्दीकी ने बंगाल में बनाया नया राजनीतिक संगठन

जब उनसे पूछा गया कि नया राजनीतिक संगठन बनाने और चुनाव लड़ने से क्या अल्पसंख्यक वोटों का बंटवारा होगा, जिससे तृणमूल कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ सकता है, सिद्दीकी ने कहा कि सत्तारूढ़ पार्टी की चुनाव संभावनाओं के बारे में चिंता करना उनका काम नहीं है।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में फुरफुरा शरीफ दरगाह के एक प्रभावशाली मौलाना अब्बास सिद्दीकी ने आगामी विधानसभा चुनावों से पहले बृहस्पतिवार को एक नया राजनीतिक संगठन ‘इंडियन सेकुलर फ्रंट’ (आईएसएफ) बनाने की घोषणा की। पीरजादा सिद्दीकी ने कहा कि नव गठित संगठन राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव में सभी 294 सीटों पर चुनाव लड़ सकता है। कोलकाता प्रेस क्लब में अपने राजनीतिक संगठन की शुरूआत के मौके पर सूफी मजार के प्रमुख सिद्दीकी ने कहा, ‘‘हमने इस पार्टी का गठन यह सुनिश्चित करने के लिए किया है कि संवैधानिक लोकतंत्र की रक्षा हो, सभी को सामाजिक न्याय मिले और हम सभी सम्मान के साथ रहें।’’

उन्होंने कहा, ‘‘आने वाले दिनों में, हम जनता तक पहुंचने के लिए कई कार्यक्रम आयोजित करेंगे।’’ जब उनसे पूछा गया कि नया राजनीतिक संगठन बनाने और चुनाव लड़ने से क्या अल्पसंख्यक वोटों का बंटवारा होगा, जिससे तृणमूल कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ सकता है, सिद्दीकी ने कहा कि सत्तारूढ़ पार्टी की चुनाव संभावनाओं के बारे में चिंता करना उनका काम नहीं है। तृणमूल कांग्रेस के साथ एक गठबंधन की संभावना के बारे में किये गये सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा के मार्च को रोकने के लिए राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में सभी को साथ लेकर चलने की जिम्मेदारी ममता बनर्जी की है।’’ पश्चिम बंगाल विधानसभा के लिए अप्रैल-मई में चुनाव होने की संभावना है।





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भारत को कद बढ़ने के साथ ज्यादा सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना होगा: सेना प्रमुख

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 21, 2021   19:02
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भारत को कद बढ़ने के साथ ज्यादा सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना होगा: सेना प्रमुख

उन्होंने कहा कि रणनीतिक दबदबा कायम रखने के लिए रक्षा निर्माण क्षमताओं में वृद्धि करनी होगी क्योंकि दूसरे देशों पर हथियारों के लिए निर्भरता से संकट के समय में जोखिम बढ़ सकता है।

नयी दिल्ली। सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारत को कद बढ़ने के साथ ज्यादा सुरक्षा चुनौतियों का भी सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि रणनीतिक दबदबा कायम रखने के लिए रक्षा निर्माण क्षमताओं में वृद्धि करनी होगी क्योंकि दूसरे देशों पर हथियारों के लिए निर्भरता से संकट के समय में जोखिम बढ़ सकता है। सेना-उद्योग भागीदारी पर एक सेमिनार को संबोधित करते हुए जनरल नरवणे ने कहा कि सुरक्षा बलों को 2020 में कोविड-19 महामारी और उत्तरी सीमाओं पर ‘‘अस्थिरता’’ की दोहरी चुनौतियों का सामना करना पड़ा तथा आत्मनिर्भरता पर सरकार के ध्यान देने से देश के समग्र रणनीतिक लक्ष्यों को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि ‘‘हमारे प्रतिद्वंद्वियों’’ के साथ सीमाओं को लेकर अनसुलझे मुद्दे और पूर्व में हो चुके युद्ध के मद्देनजर हमें ‘छद्म युद्ध’ तथा ‘वामपंथी उग्रवाद’ जैसी चुनौतियों से भी निपटना पड़ सकता है।

उन्होंने सोसाइटी ऑफ इंडियन डिफेंस मैन्युफैक्चरर (एसआईडीएम) द्वारा आयोजित सेमिनार में कहा, ‘‘भारत एशिया में, विशेष रूप से दक्षिण एशिया में उभरता हुआ क्षेत्रीय वैश्विक ताकत है। जैसे-जैसे हमारा दर्जा और प्रभाव बढ़ता जाएगा, हमें ज्यादा सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा।’’ भारत की उत्तरी सीमाओं पर बढ़ रही सुरक्षा चुनौतियों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि इन सुरक्षा चुनौतियों के समाधान के लिए आधुनिकीकरण के जरिए सेना के क्षमता निर्माण में बढ़ोतरी करना जरूरी है। भारत और चीन की सेनाओं के बीच पिछले आठ महीने से ज्यादा समय से पूर्वी लद्दाख में गतिरोध चल रहा है। सेना प्रमुख ने कहा कि भारत अपने प्रतिद्वंद्वियों की तुलना में तेजी से रक्षा क्षेत्र के आधुनिकीकरण करने के लिहाज से पिछड़ रहा था। उन्होंने देश की समग्र सैन्य क्षमताओं में बढ़ोतरी के लिए स्वदेशी उद्योग से अनुसंधान और विकास में निवेश करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, ‘‘दूसरे देशों के उपकरणों पर सैन्य बलों की भारी निर्भरता को घटाना होगा और रक्षा क्षेत्र के लिए आज के समय की जरूरत के हिसाब से इसका समाधान करना होगा।’’ 

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नरवणे ने कहा, ‘‘हम स्वदेशी उपकरण और हथियार प्रणाली खरीदने के लिए प्रतिबद्ध हैं क्योंकि सेना के लिए स्वदेशी प्रौद्योगिकी और हथियारों के साथ मुकाबला करना और युद्ध जीतने से ज्यादा कुछ प्रेरणादायी नहीं होगा।’’ घरेलू रक्षा उत्पादन को बढ़ावा देने की दिशा में निजी उद्योगों को सरकार की सुधार पहल का फायदा उठाने के लिए प्रोत्साहित करते हुए उन्होंने कहा कि सेना भी इसका पूरा समर्थन कर रही है। उन्होंने कहा, ‘‘हथियारों और उपकरणों के लिए दूसरे देशों पर निर्भरता से संकट के दौरान खतरा पैदा हो सकता है। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में हमने स्वदेशी निर्माण को बढ़ावा देकर इस रूझान को पलटने का प्रयास किया है और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।’’ सेमिनार में भारतीय सेना और एसआईडीएम के बीच एमओयू (सहमति पत्र) पर दस्तखत हुआ। इससे ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान के तहत स्वदेशी निर्माण को प्रोत्साहन मिलेगा।





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