कोरोना के खिलाफ असरदार कोशिशों के कारण संसद सत्र समय पर होने की उम्मीदः वेंकैया नायडू

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  अप्रैल 29, 2020   18:53
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कोरोना के खिलाफ असरदार कोशिशों के कारण संसद सत्र समय पर होने की उम्मीदः वेंकैया नायडू

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कोरोना संकट के मद्देनजर देश के वयोवृद्ध राजनेताओं से टेलीफोन पर उनका एवं परिवार का हालचाल ले रहे हैं। इनमें सक्रिय राजनीति से दूर हो चुके भाजपा के पूर्व विधायक से लेकर पार्टी के वरिष्ठ भी शामिल हैं।

नयी दिल्ली। कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के बीच उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने राज्ससभा सदस्यों, राजनेताओं और न्यायाधीशों सहित समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों से फोन पर बात कर उनका और परिजनों का हालचाल जाना। उपराष्ट्रपति ने बुधवार को यह जानकारी दी। उपराष्ट्रपति ने ट्वीट कर कहा, ‘‘पिछले कुछ दिनों से राज्यसभा के लगभग सभी सदस्यों को फोन कर उनका हालचाल ले रहा हूं। यह खुशी की बात है कि सभी सदस्य कोरोना के खिलाफ अभियान में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं और अपने-अपने इलाकों में जनहित के कार्यों में जुटे हैं।’’ उधर, उपराष्ट्रपति कार्यालय के सूत्रों ने बताया कि नायडू ने राज्यसभा सदस्यों साथ बातचीत में कहा कि संसद का अगला सत्र जमीनी हालात पर निर्भर करेगा। हालांकि साथ ही उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस को फैलने से रोकने की असरदार कोशिशों और जमीन पर दिख रहे नतीजे के मद्देनजर संसद सत्र समय पर होने की उम्मीद की जा सकती है। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कोरोना संकट के मद्देनजर देश के वयोवृद्ध राजनेताओं से टेलीफोन पर उनका एवं परिवार का हालचाल ले रहे हैं। इनमें सक्रिय राजनीति से दूर हो चुके भाजपा के पूर्व विधायक से लेकर पार्टी के वरिष्ठ भी शामिल हैं।

एक अधिकारी ने बताया कि नायडू ने इस पहल को ‘मिशन कनेक्ट’ नाम दिया है। नायडू ने गत सप्ताह इसकी शुरुआत राज्यसभा के सभापति के नाते उच्च सदन के सभी सदस्यों को टेलीफोन कर उनकी कुशलता की जानकारी लेने से की। इस दौरान वह राज्यों के राज्यपाल, मुख्यमंत्री और विभिन्न दलों के नेताओं से बात कर चुके हैं। मिशन कनेक्ट के दायरे में पूर्व राष्ट्रपति, पूर्व प्रधानमंत्री और देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश भी शामिल हो चुके हैं। उपराष्ट्रपति 245 सदस्यों वाले उच्च सदन के 241 सदस्यों से फोन पर बात कर चुके हैं। अब तक चार सदस्यों से नायडू का संपर्क नहीं हो सका है। वहीं कुछ वरिष्ठ सदस्यों से नायडू ने एक से अधिक बार भी बात कर उनका हालचाल लिया। तमाम सदस्यों ने उनसे संसद के अगले सत्र के बारे में पूछा। इस पर नायडू ने कहा कि यह कोरोना संक्रमण की भविष्य में स्थिति पर निर्भर करेगा। नायडू सदस्यों को भरोसा दिला रहे हैं कि संक्रमण रोकने के देशव्यापी उपाय निरंतर जारी हैं और इनके परिणाम भी अब दिखने लगे हैं, जिसे देखते हुये जल्द हालात सामान्य होने तथा संसद की बैठक अपने समय पर होने की उम्मीद की जा सकती है। 

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प्राप्त जानकारी के मुताबिक नायडू अब तक जिन लोगों को फोन कर हालचाल ले चुके हैं, उनमें पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी, प्रतिभा पाटिल, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और एच डी देवेगौड़ा के अलावा पूर्व मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा और रंजन गोगोई शामिल हैं। उपराष्ट्रपति ने मिशन कनेक्ट के दौरान कांग्रेस के पूर्व सांसद मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, तेदेपा प्रमुख एन चंद्रबाबू नायडू, राज्यसभा के पूर्व सदस्य माकपा के सीताराम येचुरी और भाकपा के डी राजा को भी फोन कर हालचाल लिया। इस दौरान उन्होंने कोरोना संक्रमण से अधिक प्रभावित हुये राज्यों के मुख्यमंत्री और राज्यपाल से उनके राज्य की मौजूदा स्थिति से निपटने के लिये किये जा रहे उपायों की भी जानकारी ली। सपा के राज्यसभा सदस्य चौधरी सुखराम ने बताया कि नायडू ने फोन कर उनका हालचाल पूछते हुये यह जानकारी भी ली कि लॉकडाउन के बाद उनके जीवन में क्या बदलाव आया। उन्होंने पूछा कि वह कोरोना संकट के दौरान अपने क्षेत्र में लोगों की किस प्रकार मदद कर रहे हैं।साथ ही नायडू ने उनसेसभी जरूरी सावधानियों का पालन करने का भी अनुरोध किया। 





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