• मुंबई की हीरानंदानी हाउसिंग सोसाइटी में 'वैक्सीन घोटाले' का शक, 390 लोगों से ऐंठे गए 5 लाख रुपए !

हीरानंदानी हाउसिंग सोसाइटी के लोगों ने आरोप लगाया है कि उन्हें फर्जी कोरोना वैक्सीन लगाई गई है। इस सोसाइटी में रहने वाले 390 लोगों ने सोसाइटी परिषद पर लगे एक कैंप में 'कोविडशील्ड' लगावाई।

मुंबई। कोरोना वायरस नामक दुश्मन को हराने के लिए 'कोरोना वैक्सीन' सबसे बड़ा हथियार है। इतना ही नहीं सरकार भी लगातार देशवासियों से अपील कर रही है कि अपनी बारी आने पर कोरोना वैक्सीन जरूर लगवाएं। लेकिन क्या हो अगर आपके साथ वैक्सीन के नाम पर फर्जीवाड़ा हो जाए ? दरअसल, मुंबई के कांदीवली इलाके की एक हाउसिंग सोसायटी ने लोगों ने खुद के 'वैक्सीन घोटाला' का शिकार होने का दावा किया है। 

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हीरानंदानी हाउसिंग सोसाइटी के लोगों ने आरोप लगाया है कि उन्हें फर्जी कोरोना वैक्सीन लगाई गई है। इस सोसाइटी में रहने वाले 390 लोगों ने सोसाइटी परिषद पर लगे एक कैंप में 'कोविडशील्ड' लगावाई। हालांकि इनमें से किसी में भी वैक्सीनेशन के बाद साइडइफेक्ट नहीं देखे गए। जिसके बाद शंका हुई।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक हाउसिंग सोसाइटी के एक शख्स ने बताया कि खुद को कोकिलाबेन अस्पताल का कर्मचारी बताने वाले एक शख्स ने कैंप लगाया था। जिसमें प्रति वैक्सीन डोज 1,260 रुपए वसूल किया। इतना ही नहीं वैक्सीन लगवाने के बाद हममे से किसी भी शख्स के पास मैसेज नहीं आया और तो और वैक्सीन लगवाते वक्त हमें फोटो क्लिक करने की अनुमति भी नहीं दी गई। 

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बताया जा रहा है कि सोसाइटी के 390 लोगों से 1,260 रुपए के प्रति डोज के हिसाब से पैसे वसूले गए। जिसका मतलब है कि तकरीबन 5 लाख रुपए वैक्सीन के नाम पर लिया गया। इस मामले की पुलिस छानबीन कर रही है।

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक मुंबई पुलिस के सूत्र ने बताया कि हीरानंदानी सोसाइटी में हुए वैक्सीनेशन की जांच जारी है। हालांकि इस मामले में पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया है।