बंगाल: जब्त किए गए पदार्थ रेडियोधर्मी कैलिफोर्नियम नहीं हैं, जांच में हुआ खुलासा

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  अगस्त 31, 2021   10:06
बंगाल: जब्त किए गए पदार्थ रेडियोधर्मी कैलिफोर्नियम नहीं हैं, जांच में हुआ खुलासा

पश्चिम बंगाल सीआईडी ​​द्वारा कोलकाता हवाईअड्डे के निकट एक इलाके से दो लोगों के पास से पिछले सप्ताह जब्त किया गया पदार्थ रेडियोधर्मी कैलिफोर्नियम नहीं है, जैसा कि पहले संदेह जताया गया था।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल सीआईडी ​​द्वारा कोलकाता हवाईअड्डे के निकट एक इलाके से दो लोगों के पास से पिछले सप्ताह जब्त किया गया पदार्थ रेडियोधर्मी कैलिफोर्नियम नहीं है, जैसा कि पहले संदेह जताया गया था। इस पदार्थ की भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र (बीएआरसी) में हुई जांच के बाद इस बात की पुष्टि हुई। सीआईडी के एक अधिकारी ने सोमवार को कहा, ‘‘जब्त किया गया पदार्थ कैलिफोर्नियम नहीं हैं। बीएआरसी की परीक्षण रिपोर्ट के अनुसार ये पदार्थ रेडियोधर्मी सामग्री नहीं है, बल्कि कुछ और है।

इसे भी पढ़ें: अफगानिस्तान में 20 साल बाद अमेरिका की सैन्य मौजूदगी समाप्त : जो बाइडन

हमें जांच रिपोर्ट मिल गई है।’’ उन्होंने कहा कि 25 अगस्त को गिरफ्तार किए गए लोगों ने पदार्थों के बारे में संभवत: गलत जानकारी फैलाई होगी ताकि लोगों को बेवकूफ बनाया जा सके। सीआईडी के अधिकारी इस मामले के पीछे के रहस्य का पता लगाने के लिए दोनों गिरफ्तार लोगों और शार्पशूटर के रूप में पहचाने जाने वाले एक अन्य व्यक्ति से पूछताछ कर रहे हैं, जिसे उन्होंने पदार्थों की जब्ती के एक दिन बाद पकड़ा था।

इसे भी पढ़ें: खट्टर सरकार जनविरोध नीतियों से राज्य की बर्बादी की कहानी लिख रही है: रणदीप सुरजेवाला

गिरफ्तारी के दौरान दोनों ने दावा किया कि उन्होंने कर्नाटक के किसी व्यक्ति से रेडियोधर्मी पदार्थ खरीदा था, जिसका कुल वजन 250 ग्राम था। सीआईडी ​​अधिकारी ने बताया कि दोनों आरोपियों को परमाणु ऊर्जा कानून और भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है। संदेह जताया गया था कि उक्त पदार्थ को किसी प्रयोगशाला से चुराया गया हो।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।