वाराणसी के अनोखा मामला, निगेटिव महिला ने कोविड पॉजिटिव बच्ची को दिया जन्म

वाराणसी के अनोखा मामला, निगेटिव महिला ने कोविड पॉजिटिव बच्ची को दिया जन्म

पूर्वांचल के एम्स कहे जाने वाले चिकित्सा विज्ञान संस्थान, बीएचयू के सर सुंदरलाल चिकित्सालय में चिकित्सकों के माथे पर उस समय बल आ गया जो पैदा होने वाली बच्ची पाजिटिव थी, जबकि मां की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव थी।

वाराणसी में जहां विश्व को कोरोना वायरस के संक्रमण से मुक्त करने के लिए यज्ञ चल रहा है, वहीं यहां पर एक महिला ने 25 मई को कोरोना वायरस से संक्रमित बच्ची को जन्म दिया। इस महिला को अस्पताल में भर्ती कराने से पहले 23 मई को इसकी कोरोना की जांच की गई थी। रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद इसको भर्ती किया गया था। जहां पर इसने 25 मई को एक पॉजिटिव बच्ची को जन्म दिया। बच्ची के साथ मां अभी स्वस्थ हैं। बच्ची के कोरोना वायरस संक्रमित होने के बाद यहां के डॉक्टर्स बेहद हैरान हैं। वाराणसी में देश का ऐसा पहला मामला सामने आया है, जो कि विज्ञान जगत को भी चौंका रहा है। देश में हजारों जगह पर कोरोना पाजिटिव महिला के बच्चे को जन्म देने के मामले आए हैं। इनमें से सभी बच्चे निगेटिव हैं, जबकि वाराणसी में तो बेहद ही अनोखा मामला सामने आने के बाद से अब चिकित्सक भी कई जगह से राय ले रहे हैं।


वाराणसी में नौ दिन में दो मामले, मां निगेटिव तो बच्चा पॉजिटिव

पूर्वांचल के एम्स कहे जाने वाले चिकित्सा विज्ञान संस्थान, बीएचयू के सर सुंदरलाल चिकित्सालय में चिकित्सकों के माथे पर उस समय बल आ गया जो पैदा होने वाली बच्ची पाजिटिव थी, जबकि मां की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव थी। चिकित्सकों ने शक के आधार पर फिर से दोबारा जांच कराई फिर भी रिपोर्ट निगेटिव आई। जब तीसरी बार जांच कराई गई तो मां की रिपोर्ट भी पाजिटिव पाई गई। इसके बाद भी जच्चा-बच्चा दोनों का स्वस्थ हैं। एक-दो दिन में दोनों की अस्पताल से छुट्टी होने वाली है। वहीं इसी तरह का एक और मामला इसी अस्तपाल में आया है। चंदौली की रहने वाली एक महिला ने करीब 10 दिन पहले एक बच्ची को जन्म दिया। बच्ची में कोरोना संक्रमण पाया गया। इस संक्रमित बच्ची को अस्पताल के ही निकू (नियोनेटल इंटेंसिव केयर यूनिट) वार्ड में भर्ती कराया गया और मां की कोरोना जांच फिर से कराई गई, लेकिन दूसरी बार भी आरटीपीसीआर रिपोर्ट निगेटिव आई।





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