जेएनयू में जो हुआ वो गलत है, आदित्य ठाकरे बोले- शिक्षा और विद्यार्थियों पर ध्यान होना चाहिए

aditya thackrey
आदित्य ठाकरे ने कहा कि यह सोचने की जरूरत है कि हमें देश को किस दिशा में ले जाना है। यह देख कर दुख होता है कि इस तरह की झड़प ऐसे मुद्दों पर होती है। ध्यान स्कूलों और कॉलेजों की शिक्षा और विद्यार्थियों पर होना चाहिए।
मुंबई। दिल्ली स्थित जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में रामनवमी के अवसर पर छात्रावास में मांसाहार परोसने को लेकर विद्यार्थियों के दो गुटों में हुई झड़प के एक दिन बाद सोमवार को महाराष्ट्र के मंत्री व शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे ने कहा कि वह इस घटना से दुखी हैं। मीडिया कर्मियों से यहां संवाद करते हुए राज्य के पर्यावरण मंत्री ठाकरे ने यह भी कहा कि यह विचार करने की जरूरत है कि आखिर देश किस दिशा में ले जाना है। उन्होंने कहा, ‘‘यह सोचने की जरूरत है कि हमें देश को किस दिशा में ले जाना है। यह देख कर दुख होता है कि इस तरह की झड़प ऐसे मुद्दों पर होती है। ध्यान स्कूलों और कॉलेजों की शिक्षा और विद्यार्थियों पर होना चाहिए।’’ ठाकरे ने कहा कि यह बेहतर होगा अगर लैंगिक समानता, मुंह की सफाई और मानसिक परामर्श पर ध्यान केंद्रित किया जाए। उल्लेखनीय है कि जेएनयू के कावेरी हॉस्टल में विद्यार्थियों के दो गुट रामनवमी के दिन मांसाहार परोसने को लेकर भिड़ गए थे। पुलिस ने बताया कि इस घटना में छह विद्यार्थी घायल हुए हैं। वाम नियंत्रित जेएनयू छात्रसंघ और आरएसएस से सबद्ध अखिल भारतीय विद्यार्थी (एबीवीपी) परिषद ने एक दूसरे पर हिंसा का आरोप लगाया है। वाम संगठन ने दावा किया है कि उसके 50 सदस्य घायल हुए हैं जबकि एबीवीपी का कहना है कि उसके 10-12 कार्यकर्ता चोटिल हुए हैं।

Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़