Unlock 5 के 51वें दिन दिल्ली में कंटेनमेंट जोन की संख्या 4,500 के पार, मुंबई में 31 दिसंबर तक बंद रहेंगे स्कूल

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  नवंबर 20, 2020   20:07
  • Like
Unlock 5 के 51वें दिन दिल्ली में कंटेनमेंट जोन की संख्या 4,500 के पार, मुंबई में 31 दिसंबर तक बंद रहेंगे स्कूल

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के कुल 11 जिलों में से छह जिले ऐसे हैं जहां निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या 400 से ज्यादा है।

कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच राष्ट्रीय राजधानी में निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या भी बढ़कर 4,550 के पार पहुंच गई है।शहर में सबसे ज्यादा 743 निषिद्ध क्षेत्र दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली में हैं जबकि सबसे कम 148 उत्तर-पूर्वी जिले में हैं। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के कुल 11 जिलों में से छह जिले ऐसे हैं जहां निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या 400 से ज्यादा है। ये जिले हैं- दक्षिण-पश्चिम (743), दक्षिण (705), पश्चिम (587), दक्षिण-पूर्व (543), मध्य दिल्ली (490) और उत्तरी-पश्चिमी(445). राष्ट्रीय राजधानी में 28 अक्टूबर से ही कोविड-19 के नए मामलों में वृद्धि हो रही है और पहली बार इसी दिन शहर में संक्रमण के 5,000 से ज्यादा नए मामले सामने आए थे। यहां 11 नवंबर को पहली बार शहर में 8,000 से ज्यादा नए मामले सामने आए। बुधवार तक की स्थिति देखें तो दिल्ली में संक्रमण के मामले पांच लाख को पार कर चुके थे। उस दिन 7,486 नए मामले आए थे जबकि संक्रमण से 131 लोगों की मौत हुई थी। शहर में अभी तक कोरोना वायरस संक्रमण से 7,943 लोगों की मौत हुई है। शहर के राजस्व विभाग के अनुसार, 19 नवंबर तक दिल्ली में निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या 4,560 थी। नयी दिल्ली जिले में 264 निषिद्ध क्षेत्र हैं जबकि शाहदरा में 249 और उत्तरी दिल्ली में 202 निषिद्ध क्षेत्र हैं। विभाग का कहना है कि पूर्वी दिल्ली में सिर्फ 184 और उत्तरी-पूर्वी दिल्ली में 148 निषिद्ध क्षेत्र हैं। इस बीच निषिद्ध क्षेत्रों और घनी आबादी वाले इलाकों में घर-घर जाकर कोरोना वायरस संक्रमण लक्षण वाले लोगों की पहचान करने और उनकी जांच करने का काम शुक्रवार से शुरु हो गया है। अधिकारियों ने बताया कि सर्वेक्षण पांच दिनों में पूरा होगा और इस दौरान 57 लाख से ज्यादा लोगों की जांच किए जाने की संभावना है। 

इसे भी पढ़ें: कोविड-19 के मरीज में लक्षण दिखने के शुरुआती दिनों में संक्रमण के प्रसार का ज्यादा खतरा 

ओडिशा में कोरोना संक्रमण के 757 नए मामले

ओडिशा में शुक्रवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 757 नये मामले सामने आये और इसके साथ ही प्रदेश में संक्रमितों का आंकड़ा बढ़ कर 3,12,545 हो गया है। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में संक्रमण से 16 और लोगों की मौत हुयी है, जिसके बाद मरने वालों की संख्या बढ़ कर 1,608 हो गयी है। उन्होंने बताया कि मरने वालों में सबसे अधिक चार सुंदरगढ़ जिले से हैं। इसके बाद कटक से तीन तथा गंजम एवं सम्बलपुर जिलों के दो दो मामले शामिल हैं। अधिकारी ने बताया कि बारगढ, गजसिंहपुर, झारसुगुड़ा, पुरी एवं सुबर्णपुर जिलों में एक एक व्यक्ति की मौत हुयी है। उन्होंने बताया कि नये मामलों में से 436 अलग अलग पृथक—वास केंद्रों से सामने आये हैं। अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में अभी 8,088 मरीज उपचाराधीन हैं जबकि 3,02,796 लोग अब तक संक्रमण मुक्त हो चुके हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 54.71 लाख नमूनों की जांच की जा चुकी है।

मुंबई में 31 दिसम्बर तक बंद रहेंगे स्कूल 

बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने शुक्रवार को घोषणा की कि शहर में स्कूल 31 दिसंबर तक बंद रहेंगे। इससे पहले स्कूलों को 23 नवंबर से फिर से खोलने का फैसला किया गया था। महानगर में कोविड-19 के मामलों में वृद्धि दर्ज किये जाने के मद्देनजर स्कूलों को फिलहान नहीं खोलने का निर्णय किया गया है। एक अधिकारी ने कहा कि हालांकि, महाराष्ट्र के अन्य शहरों में स्कूल स्थानीय परिस्थितियों और मौजूदा महामारी की स्थिति को ध्यान में रखते हुए तय कार्यक्रम के अनुसार फिर से खुल सकते हैं। महाराष्ट्र में स्कूल कोरोना वायरस के प्रकोप के कारण मार्च से बंद हैं। इन स्कूलों को दिवाली की छुट्टियों के बाद 23 नवंबर से नवीं से बारहवीं कक्षा के लिए फिर से खोलने की तैयारी थी। मुंबई की मेयर किशोरी पेडनेकर ने कहा, ‘‘कोविड-19 के मामले शहर में बढ़ रहे हैं। कुछ स्कूलों को महामारी के बीच जांच और पृथकवास सुविधाओं के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। संक्रमण को और अधिक फैलने से रोकने के लिए हमने स्कूलों को 31 दिसंबर तक बंद रखने का फैसला किया है।’’ गत 16 नवंबर को कोविड-19 के 409 नए मामले सामने आये थे, जो अप्रैल के बाद से एक दिन में सबसे कम मामले थे। उसके बाद शहर में 17, 18 और 19 नवंबर को क्रमशः क्रमशः 541, 871 और 924 नये मामले सामने आये थे। स्कूल शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘अगर स्थानीय स्थितियां अनुकूल हों तो, राज्य के अन्य हिस्सों में स्कूलों को 23 नवंबर से फिर से खोला जा सकता है। उन्होंने कहा कि अगर कोई मामला नहीं है या संक्रमण के बहुत कम मामले हैं, तो स्थानीय अधिकारियों जैसे नगरपालिका आयुक्त या जिला कलेक्टरों को स्कूलों को फिर से खोलने का अधिकार दिया गया है। इस महीने की शुरुआत में, महाराष्ट्र सरकार ने घोषणा की थी कि स्कूल 23 नवंबर से सभी कोविड-19 सुरक्षा प्रोटोकॉल के साथ नवीं से बारहवीं कक्षा के लिए फिर से खुलेंगे। 

इसे भी पढ़ें: कोरोना संक्रमण के बीच बोले CBSE के सचिव, जरूर होंगी बोर्ड परीक्षाएं, जल्द जारी होगा कार्यक्रम 

विजय रूपाणी ने लॉकडाउन से किया इनकार

कोविड-19 के मामलों में बढ़ोतरी के बाद अहमदाबाद शहर में 57 घंटे के कर्फ्यू की तैयारी है, गुजरात सरकार ने शुक्रवार को कोरोना वायरस के प्रसार पर रोक के लिए राज्य में ताजा लॉकडाउन से इनकार किया। गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रुपाणी ने कहा कि उनकी सरकार राज्यव्यापी लॉकडाउन पर विचार नहीं कर रही है। रूपाणी ने कहा कि राज्य के वाणिज्यिक केंद्र अहमदाबाद में कोरोना वायरस मामलों में अचानक वृद्धि के बाद‘‘सप्ताहांत का कर्फ्यू’’ केवल अहमदाबाद शहर में ‘‘एहतियाती उपाय के रूप में’’ शुक्रवार रात से लगाया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘फिलहाल गुजरात में लॉकडाउन लगाने का कोई सवाल ही नहीं है। हमने शनिवार और रविवार को अहमदाबाद शहर में एक सप्ताहांत कर्फ्यू लागू करने का फैसला किया है।’’ रूपाणी ने बनासकांठा जिले के अंबाजी में संवाददाताओं से कहा कि इसके अलावा, पुलिस को उन लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है जो फेस मास्क के बिना घूमते और सामाजिक दूरी बनाये रखने के नियमों का उल्लंघन करते पाये जाएंगे। अहमदाबाद शहर में कोविड​​-19 के मामलों में वृद्धि के बाद इसके प्रसार को रोकने के लिए प्राधिकारियों ने बृहस्पतिवार को नगरपालिका सीमा में शुक्रवार रात से 57 घंटे का कर्फ्यू लगाने की घोषणा की थी। अहमदाबाद शहर में कर्फ्यू शुक्रवार रात नौ बजे (20 नवंबर) से शुरू होगा और सोमवार (23 नवंबर) को सुबह छह बजे समाप्त होगा। अहमदाबाद नगर निगम (एएमसी) ने शुक्रवार को कहा कि उसके द्वारा संचालित 600 सिटी बसें कर्फ्यू की अवधि के दौरान नहीं चलेंगी। एएमसी ने घोषणा की थी कि इस ‘‘पूर्ण कर्फ्यू’’ के दौरान, केवल दूध और दवा की दुकानें खुली रहेंगी। एएमसी की विज्ञप्ति के अनुसार, सोमवार से शहर में रात नौ बजे से सुबह 6 बजे तक रोजाना रात का कर्फ्यू अगले आदेश तक लागू होगा। अहमदाबाद शहर में इस महीने की शुरुआत से कोरोना वायरस के मामलों में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है।   

दिल्ली में कोरोना के नए मामलों में गिरावट 

कोरोना वायरस संक्रमण के नये मामलों एवं संक्रमित होने की दर में धीरे धीरे गिरावट से इस बात का स्पष्ट संकेत मिलता है कि राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायरस का प्रसार कम हो रहा है। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने यह जानकारी दी। मंत्री ने घोषणा की कि कोरोना वायरस संक्रमण के मरीजों के लिये दिल्ली सरकार ने निजी अस्पतालों में ​सामान्य एवं गैर आईसीयू बेड आरक्षित किये हैं और उनपर सरकार के शुल्क ही लागू होंगे। जैन ने बताया, दिल्ली में सात नवंबर को संक्रमण दर 15.26 फीसदी थी। अभी यह 11 प्रतिशत से कम है। 10 नवंबर को सबसे अधिक मामले (8,593) सामने आये थे। उन्होंने संवाददाताओं को बताया, संक्रमण दर में कमी आयी है और संक्रमित होने वाले लोगों की संख्या में भी गिरावट दर्ज की गयी है। इससे इस बात का स्पष्ट संकेत मिलता है कि दिल्ली में वायरस के संक्रमण का प्रसार कम हो रहा है। जैन ने केहा कि देश में कोरोना वायरस संक्रमण से औसत मृत्यु दर 1.48 प्रतिशत है और दिल्ली में यह 1.57 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि जून में यह आंकड़ा 3.50 फीसदी के करीब था। उन्होंने कहा कि कार के भीतर मास्क पहनने से किसी प्रकार की हानि नहीं है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वह मास्क के बगैर एक कदम भी घर के बाहर नहीं रखें। जैन ने कहा कि निजी अस्पतालों में कोविड मरीजों के लिये 2644 सामान्य एवं 260 अतिरिक्त आईसीयू बिस्तर उपलब्ध होंगे। सरकार ने इस दिशा में बृहस्पतिवार को निर्देश जारी किये हैं। राष्ट्रीय राजधानी में बृहस्पतिवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 7,456 मामले सामने आये थे और संक्रमण दर 12.09 प्रतिशत थी। आप सरकार ने बृहस्पतिवार को कुछ अन्य घोषणा की जिसमें मास्क के बगैर बाहर निकलने पर दो हजार रुपये का जुर्माना, निजी अस्पतालों में 80 फीसदी आईसीयू बिस्तरों का आरक्षण, प्रत्येक जिलों में जांच केंद्र की संख्या दुगुनी करना और स्वास्थ्य केंद्रों में गैर गंभीर मामलों में सर्जरी को स्थगित करना शामिल है। निजी अस्पतालों को भी गैर आईसीयू ​बिस्तरों का प्रतिशत 50 फीसदी से बढ़ा कर 60 फीसद करने का निर्देश दिया गया है। सरकार ने यह भी कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में आरटी-पीसीआर जांच की संख्या बढ़ा कर 27 हजार प्रतिदिन तक की जायेगी और एमबीबीएस छात्रों एवं इंटर्नों को कोविड-19 स्थिति से निपटने के लिये लगाया जायेगा।     

इसे भी पढ़ें: AAP नेताओं और कार्यकर्ताओं से बोले मुख्यमंत्री केजरीवाल, सार्वजनिक स्थानों पर जाकर वितरित करें मास्क 

उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण के 2,840 नए मामले 

उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोविड-19 से 20 और लोगों की मौत हो गई तथा संक्रमण के 2,840 नए मामले सामने आए हैं। राज्य में अब तक कुल 5,21,988 लोग कोरोना वायरस से संक्रमित हुए हैं। अपर मुख्‍य सचिव (स्‍वास्‍थ्‍य) अमित मोहन प्रसाद ने शुक्रवार को मीडिया को ताजा आंकड़ों से अवगत कराया। उन्‍होंने बताया कि राज्‍य में पिछले 24 घंटे में संक्रमण के 2,840 नए मामले दर्ज किए गए हैं। राज्‍य में इस समय 23,357 लोगों का उपचार चल रहा है और बीमारी को मात देने वालों की संख्‍या 4,91,131 हो गई है। प्रसाद ने बताया कि उपचाराधीन मरीजों में 10,395 लोग गृह पृथक-वास में हैं और 2,167 लोगों का निजी अस्पतालों में तथा शेष अन्य का सरकारी अस्पतालों में इलाज चल रहा है। उन्‍होंने बताया कि पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस से संक्रमित 20 और रोगियों की मौत होने के बाद अब तक इस संक्रमण से जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 7,500 हो गई है। अपर मुख्‍य सचिव ने कहा कि राज्‍य में अब मरीजों के ठीक होने की दर 94.08प्रतिशत हो गई है। प्रसाद ने दिल्‍ली में संक्रमण के मामलों में वृद्धि का जिक्र करते हुए राज्य के लोगों से सावधानी बरतने की अपील की।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।




This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept