By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Oct 15, 2026
इतिहास में 15 अक्टूबर की तारीख भारत के मिसाइल और परमाणु हथियार कार्यक्रम को फौलादी और अभेद्य बनाने वाले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम के जन्मदिन के तौर पर दर्ज है। बेहद सहज और सरल व्यक्तित्व वाले मृदुभाषी कलाम की रहनुमाई में रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने सबसे घातक और मारक हथियार प्रणालियों का देश में विकास किया। 15 अक्टूबर 1931 को जन्मे कलाम देश के युवाओं को देश की सच्ची पूंजी मानते थे और बच्चों को हमेशा बड़े सपने देखने के लिए प्रेरित करते थे। 15 अक्टूबर, 1932 की रोमांचक सुबह में सफेद पतलून और आधी बाजू की कमीज पहने जेआरडी टाटा ने हाथ में केवल धूप का रंगीन चश्मा और एक पैमाना (स्लाइड रूल) लेकर कराची से बॉम्बे जाने वाले सिंगल इंजन के ‘पस मोथ’ विमान में उड़ान भरी। विमान में 25 किलोग्राम हवाई डाक थी और साथ ही उसके पंखों पर एक नया इतिहास लिखा जा रहा था। भारत की पहली वाणिज्यिक उड़ान के 15 अक्टूबर 2026 को 94 साल पूरे हो गए। महज 28 वर्ष की उम्र में टाटा ने करीब 90 साल पहले जुहू में आज ही के दिन उतरकर अविभाजित भारत के विमानन क्षेत्र में इतिहास लिख दिया था। यह घटना बाद में वर्ष 1946 में प्रतिष्ठित एयर इंडिया की आधारशिला साबित होने वाली थी। टाटा समूह ने 1932 में टाटा विमानन सेवा शुरू करने के लिए दो लाख रुपये निवेश किए थे। 1953 में जब तत्कालीन जवाहरलाल नेहरू सरकार ने एयर इंडिया का राष्ट्रीयकरण किया तो जेआरडी ने इस कदम का पुरजोर विरोध किया था।