By अंकित सिंह | Jun 13, 2024
उत्तर प्रदेश पुलिस ने मिनिस्ट्रियल स्टाफ की आउटसोर्सिंग से जुड़ा सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा एक 'लेटर' वापस ले लिया है। देर रात स्पष्टीकरण में, उत्तर प्रदेश पुलिस ने गुरुवार को कहा कि पत्र 'गलती से' जारी किया गया था और अब इसे वापस ले लिया गया है। प्रदेश पुलिस ने एक बयान में कहा कि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की आउटसोर्सिंग की व्यवस्था पहले से ही लागू है। एक गलती के कारण चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के स्थान पर मंत्रालयिक कर्मचारियों के लिए जारी पत्र रद्द कर दिया गया है। पुलिस विभाग और शासन स्तर पर ऐसा कोई मामला लंबित नहीं है।
वहीं, इसको लेकर राजनीतिक शुरू हो गई है। समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने कहा कि मैंने चुनाव के दौरान ही आगाह किया था कि सेना में अग्निवीर बनाने के बाद अगला नंबर उत्तर प्रदेश पुलिस के जवानों का है, सेना को अग्निवीर बनाने के बाद अब उत्तर प्रदेश पुलिस को भी अग्निवीर बनाने जा रही है भाजपा। उस दिन मेरी कहीं हुई बात सत्य हो गई है, उत्तर प्रदेश पुलिस में संविदा पर उपनिरक्षक लेखा के पदों को भरने की बात हो रही है। सपा नेता ने कहा कि नौजवान समझ लें, रोज़गार देना इस सरकार के एजेंडे में है नहीं।