By रेनू तिवारी | Mar 14, 2026
अगर आप आने वाले दिनों में हवाई यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो अपनी जेब थोड़ी और ढीली करने के लिए तैयार हो जाइए। देश की उभरती हुई एयरलाइन अकासा एयर (Akasa Air) ने शनिवार को हवाई किरायों में बढ़ोतरी का एलान कर दिया है। एयरलाइन ने वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव के कारण एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) यानी विमान ईंधन की कीमतों में आए भारी उछाल को इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह बताया है। एक प्रवक्ता के अनुसार, यह सरचार्ज घरेलू और अंतरराष्ट्रीय, दोनों तरह के रूट पर ₹199 से लेकर ₹1,300 तक होगा। इसे हर सेक्टर के हिसाब से लागू किया जाएगा, जो उड़ान की अवधि पर निर्भर करेगा।
प्रवक्ता ने कहा, "यह बढ़ोतरी 15 मार्च, 2026 को 00:01 बजे से पहले की गई किसी भी बुकिंग पर लागू नहीं होगी। फ्यूल सरचार्ज हर सेक्टर के हिसाब से लगेगा और उड़ान की अवधि के आधार पर इसकी दरें अलग-अलग होंगी।" उन्होंने आगे कहा कि एयरलाइन परिचालन के माहौल पर लगातार नज़र रखेगी और समय-समय पर इस सरचार्ज की समीक्षा करती रहेगी।
यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है, जब कई भारतीय एयरलाइंस एविएशन टर्बाइन फ्यूल की कीमतों में आई भारी बढ़ोतरी के चलते फ्यूल सरचार्ज लगा रही हैं या उनमें बढ़ोतरी कर रही हैं। फ्यूल की कीमतों में यह उछाल ईरान और अमेरिका-इजरायल गुट के बीच चल रहे संघर्ष से जुड़ा है।
Akasa Air की भारत के एविएशन मार्केट में लगभग 5% हिस्सेदारी है। यह एयरलाइन लगभग दो दर्जन घरेलू जगहों के लिए उड़ानें संचालित करती है। इसके अलावा, यह पश्चिम एशिया क्षेत्र पर केंद्रित अंतरराष्ट्रीय रूटों पर भी उड़ानें भरती है, जिनमें कुवैत, दोहा, जेद्दा, रियाद और अबू धाबी शामिल हैं। इससे पहले, मार्केट शेयर के मामले में भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन IndiGo ने शुक्रवार को इसी तरह की किराया बढ़ोतरी की घोषणा की थी।
एविएशन टर्बाइन फ्यूल, जो आमतौर पर किसी भी एयरलाइन के परिचालन खर्च का लगभग 40% हिस्सा होता है, उसकी वैश्विक कीमतों में मार्च 2026 की शुरुआत से ही भारी उछाल देखने को मिला है। इसकी मुख्य वजह क्षेत्रीय स्तर पर आपूर्ति में आई बाधाएं हैं।
Akasa Air ने बताया कि 15 मार्च से बुक किए जाने वाले टिकटों में ₹199 से लेकर ₹1,300 तक का अतिरिक्त शुल्क शामिल होगा। IndiGo ने कहा कि वह 14 मार्च से सभी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय टिकटों पर सेक्टर-आधारित फ्यूल सरचार्ज लागू करेगी। एयरलाइन ने घरेलू और भारतीय उपमहाद्वीप के रूटों के लिए ₹425 का शुल्क तय किया है, जो यूरोप के रूटों के लिए बढ़कर ₹2,300 तक हो जाएगा। अन्य क्षेत्रों के लिए शुल्क की दरें इन दोनों के बीच ही रहेंगी।
एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने 12 मार्च से अलग-अलग चरणों में फ्यूल सरचार्ज लगाना शुरू कर दिया है। अब घरेलू और SAARC रूट पर ₹399 का सरचार्ज लगेगा। पश्चिम एशिया और मध्य पूर्व के रूट पर $10 का सरचार्ज लगेगा, जबकि दक्षिण-पूर्व एशिया के लिए यह चार्ज $40 से बढ़कर $60 हो गया है।
18 मार्च से, लंबी दूरी वाले रूट पर सरचार्ज और बढ़ जाएगा। यूरोप के लिए चार्ज बढ़कर $125 हो जाएगा, जबकि उत्तरी अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया के लिए यह $200 तक पहुंच जाएगा। एयरलाइन ने यह भी बताया है कि जापान और दक्षिण कोरिया जैसे सुदूर पूर्व के बाज़ारों के लिए भी आगे और बदलाव करने की योजना है।
बजट एयरलाइन SpiceJet ने चेतावनी दी है कि अगर तेल की कीमतें ज़्यादा बनी रहती हैं, तो एयरलाइंस के पास सरचार्ज लगाने के अलावा कोई और विकल्प नहीं बचेगा। इसके संस्थापक अजय सिंह ने सरकार से जेट फ्यूल पर एक्साइज़ ड्यूटी और VAT कम करने की अपील की है, और कहा है कि $90 प्रति बैरल की कीमत भी अब एयरलाइंस के लिए उठा पाना मुश्किल होता जा रहा है। AirAsia ने भी इस बात की पुष्टि की है कि वह भी अपने किराए बढ़ाएगी।