By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 13, 2026
समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर मनमाने ढंग से काम करने, कानूनों के दुरुपयोग और राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को निशाना बनाने का रविवार को आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के शासन में लोगों को सवाल उठाने की आजादी नहीं है। यादव ने लखनऊ में पत्रकारों से बातचीत में इलाहाबाद उच्च न्यायालय की गुंडा कानून लागू किए जाने को लेकर की गई टिप्पणियों का जिक्र किया और उन्हें ‘‘बेहद गंभीर’’ बताया।
जब तक यह सरकार रहेगी कानून के तहत काम नहीं होगा। सरकार मनमर्जी से काम कर रही है और पुलिस को खुली छूट है। ’’ उन्होंने राज्य सरकार पर कानूनों के दुरुपयोग और लोगों को परेशान करने तथा विपक्षी नेताओं की छवि खराब करने के लिए झूठे मुकदमे दर्ज करने का आरोप लगाया।
सपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया, ‘‘भाजपा सरकार विपक्ष के नेताओं को बदनाम करने के लिए आपत्तिजनक वीडियो बनवा रही है। उच्च न्यायालय को इसका स्वतः संज्ञान लेना चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि ऐसे वीडियो बनाने में शामिल एक अधिकारी के खिलाफ एक महिला द्वारा लगाए गए आरोपों का महिला आयोग को भी संज्ञान लेना चाहिए। पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पंचायत सहायक से लेकर जितने भी साथी और संगठन धरना प्रदर्शन कर रहे है, भाजपा सरकार ने उन सबको धोखा दिया है।
यादव ने आरोप लगाया, ‘‘भाजपा सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं को बर्बाद कर दिया है, स्वास्थ्य विभाग में लापरवाही चरम पर है। मरीज इलाज के लिए जाते है तो दवा दूसरी बीमारी की दे दी जाती है।’’ उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के सत्ता में आने पर गांवों में रोजगार से जुड़ी विसंगतियों को दूर किया जाएगा, आउटसोर्सिंग व्यवस्था खत्म की जाएगी और स्थायी रोजगार दिया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘नौकरियों में वेतन के अंतर को भी खत्म किया जाएगा।’’ यादव ने भाजपा सरकार पर सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को नुकसान पहुंचाने का भी आरोप लगाया।
उन्होंने दावा किया कि लखनऊ के सरोजिनी नगर और कानपुर के औद्योगिक क्षेत्र प्रभावित हुए हैं। उन्होंने सवाल किया, ‘‘अगर सरकार बाहर से इतनी बड़ी मात्रा में सामान मंगाती रहेगी तो यहां का एमएसएमई क्षेत्र कैसे बचेगा?’’ सपा प्रमुख ने भाजपा पर ‘‘लोकतंत्र विरोधी’’ होने का भी आरोप लगाया और कहा कि सरकार से सवाल करने पर लोगों को धमकाया और परेशान किया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘लोकतंत्र में लोगों को सवाल पूछने की आजादी होनी चाहिए।
लेकिन भाजपा सरकार में अगर कोई गांव, शहर या स्कूल की समस्याएं उठाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाती है।