By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 28, 2020
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शुक्रवार को भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि शिक्षा और शिक्षार्थियों के प्रति उसका दृष्टिकोण मानवीयता से रिक्त है। अखिलेश ने ट्वीट किया कि जेईई, नीट परीक्षा करवाने पर अड़ी भाजपा ने अब ये ख़ुलासा कर दिया है कि उसने ‘मानव संसाधन मंत्रालय’ का नाम क्यों बदला, क्योंकि शिक्षा व शिक्षार्थियों के प्रति उसका दृष्टिकोण ‘मानवीयता’ से रिक्त है। उल्लेखनीय है कि केन्द्र सरकार द्वारा नयी शिक्षा नीति को मंजूरी देने के साथ ही मानव संसाधन विकास मंत्रालय का नाम बदलकर शिक्षा मंत्रालय किया गया है।
खुले पत्र में एक नारा भी लिखा गया कि आइये मिलकर कहें, जान के बदले एग्जाम नहीं चलेगा-नहीं चलेगा। यादव ने इससे पहले 26 अगस्त को ट्वीट कर कहा था कि नीट, जेईई एवं अन्य परीक्षाएं रोकने के लिए हृदयहीन सरकार एक बार माता-पिता के दिल से सोचे। कोरोना व बाढ़ में केवल शहरी व अमीर ही केंद्रों तक पहुँचने व परीक्षा देने में समर्थ हैं। ये पैसों वालों की भाजपा सरकार का ग़रीब-ग्रामीण के ख़िलाफ़ षड्यंत्र है। उल्लेखनीय है कि नीट और जेईई जैसी परीक्षाओं को टालने की मांग छात्रों का एक वर्ग कर रहा है, जिसका विभिन्न विपक्षी राजनीतिक दल समर्थन कर रहे हैं।