By अभिनय आकाश | May 08, 2026
अमेरिका की गोद में बैठकर भारत को आग दिखाने की कोशिश करने वाले पाकिस्तान की ट्रंप ने अब एक ऐसे तरीके से हेकड़ी निकाल दी है कि सब हैरान हो गए। तेजी से बर्बादी की तरफ बढ़ रहे पाकिस्तान को ट्रंप ने ऐसा झटका दिया है कि 25 करोड़ पाकिस्तानी इस वक्त खौफ में हैं। दरअसल अमेरिका ने पाकिस्तान को मरने के लिए अकेला छोड़ दिया है। तालिबान के हमलों के खबर के बीच में बता दें कि अमेरिका ने पाकिस्तान पर ऐसा बड़ा फैसला ले लिया है जिसने इस्लामाबाद से लेकर लाहौर तक हड़कंप मचा दिया है। तालिबान का यह कहना है कि पेशावर हमारा है इसी बीच अमेरिका ने अपना बहुत बड़ा कदम उठाते हुए पेशावर से अपना दूतावास बंद करने का ऐलान कर दिया है। अमेरिका ने यह एकदम साफ कर दिया है कि वो अब पाकिस्तान के पेशावर स्थित अपने कंसोलेट को बंद कर देगा। यानी खेबर पख्तूनख्वा से जुड़े सारे राजनिक काम अब इस्लामाबाद से ही संभाले जाएंगे। यह पूरी तरीके से दूतावास बंद हो जाएगा। यह सिर्फ एक दूतावास बंद करना नहीं यह एक साफ संकेत है। एक मैसेज है कि अमेरिका अब जमीन पर पाकिस्तान की जमीन पर अपनी मौजूदगी घटा रहा है।
यहां से अपने कदम हटा रहा है, पीछे हट रहा है तो यह खतरा पाकिस्तान के लिए अब और भी ज्यादा बढ़ने वाला है। एक तरफ अमेरिका पाकिस्तान से दूरी बना रहा है। लेकिन दूसरी तरफ अमेरिका क्या कर रहा है? अमेरिका भारत की तरफ तेजी से अपने कदम बढ़ाता हुआ नजर आ रहा है। ट्रंप ने प्रधानमंत्री मोदी को पश्चिम बंगाल की जीत पर बधाई दी है। यह सिर्फ एक औपचारिक संदेश या एक फॉर्मल फोन कॉल नहीं था बल्कि यह एक स्पष्ट संकेत था, एक मैसेज था कि अमेरिका भारत के साथ अपने रिश्ते और भी ज्यादा मजबूत करना चाहता है और यह सिर्फ एक राजनीतिक मैसेज नहीं है। आर्थिक स्तर पर भी इसका असर साफ दिख रहा है। भारत की कंपनियां टेक्नोलॉजी मैन्युफैक्चरिंग और फार्मा सेक्टर में बता दें कि $.5 बिलियन से ज्यादा निवेश की तैयारी अमेरिका कर रहा है और यह निवेश अमेरिका में नौकरियां पैदा करेगा। सप्लाई चेन को यह कई गुना ज्यादा मजबूत करेगा। यानी एक बात बिल्कुल साफ है इन चीजों से इन घटनाओं से कि एक तरफ पाकिस्तान अस्थिरता और खतरे में घिरता जा रहा है। फंसता जा रहा है इस दलदल में और दूसरी तरफ भारत ग्लोबल पार्टनर बनता जा रहा है। याद कीजिए कुछ समय पहले बता दें कि अमेरिका ने पाकिस्तान को महत्व देने की कोशिश की थी।
Hindi me international news (https://www.prabhasakshi.com/international) के लिए जुड़ें प्रभासाक्षी से