By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 31, 2020
बीजिंग। चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने चेक गणराज्य के अधिकारी की ताइवान यात्रा को ‘भड़काने वाला और अदूरदर्शी कदम’ करार देते हुए सोमवार को चेतावनी दी कि जो कोई भी ‘एक चीन’ नीति को चुनौती देगा, उसे भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। चीन सरकार अमेरिका के स्वास्थ्य मंत्री एलेक्स एजार की हाल की ताइपे यात्रा के बाद गहरे दबाव में है। एजार ताइवान की यात्रा करने वाले अमेरिका के पहले शीर्ष स्तरीय अधिकारी हैं। चीन ताइवान को अपना हिस्सा बताता है। एजार ने इसी माह के दूसरे सप्ताह में ताइवान की यात्रा की थी और वहां की राष्ट्रपति साई इंग-वेन से भेंटवार्ता की थी। 1979 में अमेरिका द्वारा ताईपी को चीन का हिस्सा होने की राजनयिक मान्यता देने के बाद वह ताईवान की यात्रा करने वाले अमेरिका के पहले शीर्ष स्तरीय कैबिनेट सदस्य हैं। साई इंग-वेन चीन से ताइवान की आजादी की प्रबल पैरोकार हैं। एजार की ताइवान यात्रा को चीन के लिए एक बहुत बड़ा राजनयिक झटका समझा गया। चीन का कहना है कि उसकी ‘एक चीन नीति’ उसकी विदेश नीति का मूलतत्व है और उसे उन सभी देशों ने मान्यता दी है जिन्होंने उसके साथ राजनयिक संबंध स्थापित की है।