By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 01, 2026
नयी दिल्ली, एक सितंबर एशियाई खेलों के करीब आने के साथ स्टीपलचेज धावक अविनाश साबले, लंबी दूरी की धाविका पारुल चौधरी समेत आठ भारतीय ट्रैक एवं फील्ड एथलीट बेंगलुरु स्थित भारतीय खेल प्राधिकरण (साइ) के राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र (एनसीओई) में विशेष ‘स्मार्ट ट्रैक’ पर अपनी तैयारियों को धार दे रहे हैं। आठ खिलाड़ियों के साथ यह शिविर आठ सितंबर तक चलेगा। इस शिविर को टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स) के तहत मंजूरी दी गई है।
साइ एनसीओई बेंगलुरु में एथलेटिक्स कोच सुरेश कुमार ने कहा, ‘‘भारत में यह अपनी तरह का पहला ट्रैक है।’’ उन्होंने ‘साइ मीडिया’ से कहा, “जब एथलीट दौड़ता है तो हमें उसी समय उसकी गति से जुड़े आंकड़े मिलते हैं। जहां-जहां ‘गेट’ लगाए गए हैं, वहां के ‘स्प्लिट टाइमिंग’ के साथ-साथ कुल समय, ‘स्ट्राइड’ की लंबाई का भी पता चलता है। ये सभी आंकड़े ‘रियल टाइम’ में दर्ज किए जाते हैं।
इससे एथलीटों के प्रशिक्षण में काफी मदद मिलती है।’’ स्मार्ट ट्रैक को 2024 में स्थापित किया गया था और तब से इसका इस्तेमाल केंद्र में प्रशिक्षण लेने वाले शीर्ष स्तर के एथलीट कर रहे हैं। इसके ‘टाइमिंग गेट’ सीधे ट्रैक के साथ-साथ घुमावदार हिस्से में भी लगाए गए हैं, जिससे कोच दौड़ के विभिन्न चरणों का विश्लेषण कर सकते हैं। इसके साथ उपलब्ध ऐप की मदद से इस आंकड़े को तुरंत हासिल कर बाद में उसका विश्लेषण भी किया जा सकता है।