By Ankit Jaiswal | Jan 18, 2026
दिल्ली के क्रिकेटर आयुष बदोनी इन दिनों चर्चा में हैं। भारत और न्यूजीलैंड के बीच चल रही तीन मैचों की वनडे सीरीज़ के लिए भारतीय टीम में पहली बार चुने गए बदोनी मानते हैं कि पिछले दो सालों में गेंदबाज़ी पर किया गया काम उनके करियर का सबसे बड़ा मोड़ साबित हुआ। बता दें कि वॉशिंगटन सुंदर के चोटिल होने के बाद बदोनी को टीम में शामिल किया गया।
अपने चयन को याद करते हुए बदोनी ने बताया कि वह उस वक्त दिल्ली टीम के साथ थे और विदर्भ के खिलाफ क्वार्टरफाइनल से एक दिन पहले उन्हें इस बारे में जानकारी मिली थी। उन्होंने अपने रूममेट को इस संभावित मौके के बारे में बताया और इसे बेहद खास पल बताया है। गौरतलब है कि टीम इंडिया में पहली बार बुलावा मिलना किसी भी खिलाड़ी के लिए गर्व की बात होती है।
परिवार को इस खबर की जानकारी अगली सुबह मिली, क्योंकि कॉल देर रात आया था। बदोनी के अनुसार, परिवार और करीबी लोग इस खबर से काफी खुश और गर्व महसूस कर रहे थे। टीम इंडिया के कैंप में सीनियर खिलाड़ियों और कोचिंग स्टाफ से मिले सहयोग ने भी उन्हें आत्मविश्वास दिया है।
बदोनी ने साफ कहा कि पहले वह सिर्फ बल्लेबाज़ी पर निर्भर थे, लेकिन पिछले दो वर्षों में गेंदबाज़ी को गंभीरता से अपनाया। घरेलू क्रिकेट में विकेट लेकर उन्होंने खुद को ऑलराउंडर के रूप में साबित किया, जिसका फायदा अब उन्हें राष्ट्रीय टीम में मिला है।
सीनियर खिलाड़ियों के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने को लेकर बदोनी ने कहा कि वह हर मौके पर उनसे सीखने की कोशिश करते हैं। अनुभव साझा करना, मैदान के बाहर हल्का-फुल्का माहौल और आपसी समझ टीम में सहजता लाती है, जो उनके खेल को बेहतर बना रही है।