चीन से मिल रही आक्रामक चुनौतियों से कैसे निपटेगी अमेरिका? बाइडेन और एंजेला मर्केल ने की बैठक

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 16, 2021

वाशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन और जर्मनी की चांसलर एंजेला मर्केल ने आक्रामक होते चीन की तरफ से मिल रही चुनौतियों पर व्हाइट हाउस में द्विपक्षीय बैठक के दौरान चर्चा की। मर्केल ने बाइडन के साथ संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा, “हमने चीन के बारे में बात की और इस बात को लेकर हमारी समझ एक सी है कि चीन कई क्षेत्रों में हमारा प्रतिद्वंद्वी है।” उन्होंने कहा कि दोनों नेताओं ने सहयोग के कई पहलुओं के साथ-साथ चीन के साथ प्रतिद्ंवद्विता पर भी बात की चाहे वह आर्थिक क्षेत्र में हो, जलवायु संरक्षण, सैन्य क्षेत्र हो या फिर सुरक्षा के क्षेत्र में हो। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, “निश्चित तौर पर आगे कई और चुनौतियां हैं।”

इसे भी पढ़ें: कोविड-19 के कारण अपने परिवार के 10 सदस्यों को खोया : अमेरिकी सर्जन जनरल

मर्केल ने कहा, “चीन के साथ व्यापार इस धारणा पर टिका होना चाहिए कि हम सभी को समान अवसर मिलें ताकि सब समान नियमों के अधीन काम करें और सभी के लिए मानक समान हों। संयोग से, यह व्यापार पर यूरोपीय संघ-चीन समझौते के पीछे भी प्रेरक शक्ति थी कि वे अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ) के मुख्य श्रम मानदंडों का पालन करते हैं।” मर्केल ने कहा कि अमेरिका और जर्मनी चिप समेत अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों को विकसित करने में एक-दूसरे का सहयोग करेंगे। उन्होंने कहा, “हम डिजिटलीकरण के ऐसे समय में साथ में व्यापार में काम करना चाहते हैं जहां सुरक्षा के मुद्दे हमारे एजेंडा में सबसे महत्वपूर्ण हैं। हमें इस पर आदान-प्रदान करना चाहिए; हमें बात करनी चाहिए है; हमें मानदंडों, मानकों के बारे में, इंटरनेट को नियंत्रित करने के बारे में बात करनी चाहिए, यह बात करनी चाहिए कि क्या हम सामान्य मानदंडों पर सहमत हो सकते हैं, विशेष रूप से चीन के साथ हमारे संबंधों के लिहाज से।”

इसे भी पढ़ें: हैती के पास नहीं है पर्याप्त सुरक्षाबल, जो बाइडेन ने कहा- अमेरिकी सैनिकों को भेजने का विचार नहीं

मर्केल ने कहा, “हमें अपने प्रयास समन्वित करने होंगे। हम यूरोपीय संघ में यह करते हैं और हमें अमेरिका के साथ भी यह करना चाहिए। लेकिन स्पष्ट रूप से ऐसे क्षेत्र भी हैं जहां अमेरिकी कंपनियों और यूरोपीय कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा है और हमें इसे स्वीकार करना होगा। कोविड वैश्विक महामारी पर, जर्मन चांसलर ने कहा कि हर किसी को टीका लगवाना आवश्यक है और कोविड रोधी टीके बना रही कंपनियों को उत्पादन बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।

प्रमुख खबरें

AISTA की मांग, Sugar का न्यूनतम विक्रय मूल्य बढ़ाकर 42 रुपये प्रति किलो करे सरकार

Georgia House of Representatives में चुने जाने वाले पहले सिख बने भारतीय-अमेरिकी Jyoth Singh

कैब ड्राइवर का शातिर दिमाग और खौफनाक साजिश! पत्नी, सास, साले, सरहज सहित पूरे ससुराल को उतारा मौत के घाट, अलग-अलग ठिकानों पर फेंकी लाशें!

Ranjeev Puri बने Michigan House के पहले भारतीय-अमेरिकी स्पीकर