By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Mar 09, 2026
हिमाचल की इकलौती राज्यसभा सीट पर कांग्रेस की तरफ से कांगड़ा जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष अनुराग शर्मा को उम्मीदवार घोषित किए जाने के कई दिन बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता राजिंदर राणा ने राज्य में सत्तारूढ़ दल पर सीट ‘‘बेचने’’ का आरोप लगाया। पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा समेत पार्टी के वरिष्ठ दिग्गजों को राज्यसभा के लिए प्रबल दावेदार माना जा रहा था, लेकिन कांग्रेस ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के करीबी माने जाने वाले अनुराग शर्मा को चुना।
रविवार को जारी एक वीडियो में राणा ने इस फैसले पर मुख्यमंत्री सुक्खू से सवाल किया और कहा, ‘‘मैं मुख्यमंत्री से पूछना चाहता हूं कि राज्यसभा सीट कितने में बेची गई और क्या यह सौदा दुबई में तय हुआ था?’’ राणा 2024 के राज्यसभा चुनावों में भाजपा के पक्ष में क्रॉस वोटिंग करने वाले पूर्व कांग्रेस नेता हैं और बाद में वह भाजपा में शामिल हो गए थे। राज्यसभा चुनाव 16 मार्च को होने हैं। राणा के बयान से कुछ दिन पहले चार बार के राज्यसभा सदस्य आनंद शर्मा ने कहा था कि ‘‘आत्मसम्मान बहुत महंगा होता है’’ और आज के समय में सच बोलना राजनीतिक दृष्टि से जोखिम भरा हो गया है।
राज्यसभा चुनाव के लिए आनंद शर्मा प्रमुख दावेदारों में थे, लेकिन कांग्रेस आलाकमान ने सभी को चौंकाते हुए अनुराग शर्मा का नाम घोषित किया। आनंद शर्मा ने कहा कि इस फैसले की जानकारी उन्हें नहीं थी और इसे ‘‘आलाकमान ने अपने विवेक से लिया।’’ राणा ने आरोप लगाया कि राज्य में कांग्रेस के भीतर असंतोष बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, “महिलाओं, कांग्रेस कार्यकर्ताओं, विधायकों, मंत्रियों और ठेकेदारों समेत समाज के सभी वर्ग पहले से ही चिंतित थे, लेकिन अब अपना जीवन पार्टी को समर्पित करने वाले वरिष्ठ नेता भी अपमानित और असहज महसूस कर रहे हैं।” अनुराग शर्मा की जीत लगभग तय मानी जा रही है क्योंकि अन्य किसी भी दल ने इकलौती राज्यसभा सीट के लिए कोई उम्मीदवार मैदान में नहीं उतारा है।