By अनन्या मिश्रा | Nov 14, 2024
विश्वेश्वर व्रत का महत्व
पूजन विधि
इस दिन सुबह जल्दी स्नना आदि कर स्वच्छ वस्त्र पहनें और फिर भगवान शिव के व्रत का संकल्प लें।
अब पूजा स्थान पर शिवलिंग की स्थापना कर महादेव को जल, दूध, शहद, बेलपत्र और पुष्प अर्पित करें।
इसके बाद भगवान शिव के मंत्रों का जाप कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना करें।
पूरा दिन निराहार या फलाहार रहकर व्रत करें और रात में संभव हो तो जागरण कर शिव मंत्रों का जाप कर भजन-कीर्तन करें।
लाभ
बता दें कि इस व्रत करने से जातक को भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त होता है और व्यक्ति के जीवन के सारे संकट कट जाते हैं।
विश्वेश्वर व्रत करने से संतान प्राप्ति, नौकरी-व्यवसाय में सफलता मिलती है। साथ ही इस व्रत को करने से विवाह में आने वाली रुकावटें खत्म होती हैं।
इस दिन व्रत करने से नकारात्मक ऊर्जा खत्म होती है और जातक को मानसिक शांति मिलती है।