By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 26, 2021
नयी दिल्ली। भारत मंगलवार को गणतंत्र दिवस परेड के दौरान पहली बार राफेल लड़ाकू विमानों की उड़ान के साथ टी-90 टैंकों, समविजय इलेक्ट्रॉनिक युद्धक प्रणाली, सुखोई-30 एमके आई लड़ाकू विमानों समेत अपनी सैन्य शक्ति का प्रदर्शन करेगा। रक्षा मंत्रालय ने सोमवार को कहा कि गणतंत्र दिवस परेड में राजपथ पर 17 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों की झांकियों, रक्षा मंत्रालय की छह झांकियों अन्य केंद्रीय मंत्रालयों और अर्द्धसैनिक बलों की नौ झांकियों समेत 32 झांकियों में देश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर, आर्थिक उन्नति और सैन्य ताकत की आन बान शान नजर आएगी। मंत्रालय ने कहा, ‘‘स्कूली छात्र लोक नृत्य पेश करेंगे। ओडिशा में कालाहांडी के मनमोहक लोक नृत्य बजासल, फिट इंडिया मूवमेंट और आत्मनिर्भर भारत के अभियान की बानगी भी पेश की जाएगी।’’
गणतंत्र दिवस परेड पर इस साल नौसेना अपने पोत आईएनएस विक्रांत और 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान नौसैन्य अभियान की झांकी पेश करेगी। भारतीय वायु सेना हल्के लड़ाकू विमान तेजस और देश में विकसित टैंक रोधी निर्देश मिसाइल ध्रुवास्त्र पर प्रस्तुति पेश करेगी। राफेल समेत वायु सेना के 38 विमान और भारतीय थल सेना के चार विमान मंगलवार को उड़ान में हिस्सा लेंगे। परेड के समय रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) की इस बार दो झांकी होगी। राष्ट्रीय समर स्मारक पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देश के लिए बलिदान देने वाले नायकों को श्रद्धांजलि देने के साथ गणतंत्र दिवस परेड समारोह की शुरुआत होगी।
मंत्रालय ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री देश के लिए बलिदान देने वाले नायकों पर पुष्प अर्पित करेंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री और अन्य विशिष्टगण राजपथ पर परेड का गवाह बनेंगे। ’’ परंपरा के मुताबिक झंडा फहराने के बाद राष्ट्रगान और 21 तोपों की सलामी दी जाएगी। मंत्रालय ने कहा कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के सलामी लेने के बाद परेड की शुरुआत होगी। इस बार 17 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में -गुजरात, असम, तमिलनाडु, महाराष्ट्र, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, पंजाब, त्रिपुरा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, उत्तरप्रदेश, कर्नाटक, केरल, आंध्रप्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, दिल्ली और लद्दाख की झांकी पेश की जाएगी।