मानवाधिकारों की आलोचना के बावजूद चीन संयुक्त राष्ट्र के साथ संबंधों को महत्व देता है

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 19, 2022

पूरी दुनिया के नेता संयुक्त राष्ट्र महासभा के वार्षिक सम्मेलन में शामिल होने के लिए न्यूयॉर्क एकत्र हो रहे हैं, वहीं महाशक्ति के तौर पर उभर रहे चीन का ध्यान जिनेवा में चल रही संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद की बैठक पर केंद्रित है। चीन के राजनयिक लगातार मानवाधिकार परिषद की बैठक को लेकर अन्य देशों से बात कर रहे हैं और और अपना पक्ष रख रहे हैं, ताकि शिनजियांग में उसके चरमपंथ विरोधी अभियान की आगे और जांच किए जाने की संभावना को रोका जा सके।

बर्लिन स्थित मर्केटर इंस्टीट्यूट फॉर चाइना स्टडीज की हेलिना लेगार्डा कहती हैं, ‘‘चीन, संयुक्त राष्ट्र को अहम मंच के तौर पर देखता है, जिसका इस्तेमाल वह अपने रणनीतिक हितों और लक्ष्यों को आगे बढ़ाने व वैश्विक क्रम में बदलाव के लिए कर सकता है।’’ चीन स्थित रेनमिन विश्वविद्यालय में अंतरराष्ट्रीय संबंधों के विशेषज्ञ शी यिंगहांग कहते हैं कि वैश्विक क्रम को बनाए रखने में संयुक्त राष्ट्र की भूमिका का मतलब यह नहीं है कि चीन संयुक्त निकाय के हर नजरिये से सहमत हो। उन्होंने इस संदर्भ में कोविड-19 महामारी के उद्गम की जांच और हाल में प्रकाशित शिंजियांग रिपोर्ट का हवाला दिया।

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