मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिये

By विजयेन्दर शर्मा | Jan 08, 2022

शिमला  मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज यहां राष्ट्रीय राजमार्गों के भूमि अधिग्रहण के सम्बन्ध में राज्य सरकार व भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए, उन्हें भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए ताकि एनएचएआई द्वारा निष्पादित मुख्य सड़क परियोजनाओं के कार्य को जल्द शुरू किया जा सके।

मुख्यमंत्री ने एनएचएआई के अधिकारियों को उनके द्वारा निष्पादित की जा रही परियोजनाओं को पूरा करने के लिए समय सीमा निर्धारित करने और समय पर कार्य पूरा करने के लिए अधिक उत्साह के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश की प्रमुख एनएचएआई परियोजनाओं का शुभारम्भ और शिलान्यास करने के लिए इस वर्ष के मध्य तक प्रधानमंत्री से आग्रह करने की योजना बना रही है। उन्होंने एनएचएआई के अधिकारियों को राज्य के राष्ट्रीय राजमार्गों और बनने वाले फोरलेन परियोजनाओं का उचित रखरखाव सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए, ताकि यात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

इसे भी पढ़ें: हाटी समुदाय की लड़ाई भाजपा ने लड़ी , कांग्रेस ने केवल राजनीति की : सुरेश कश्यप

जय राम ठाकुर ने कहा वर्तमान में राज्य में लगभग 40 हजार किलोमीटर लम्बी सड़कें हैं, परन्तु पहाड़ी राज्य होने के कारण अभी और अधिक कार्य करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने 321 गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ा है, जबकि पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान 261 गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ा गया था। उन्होंने कहा कि गत चार वर्षों के दौरान 240 पुलों और 3108 किलोमीटर सड़कों को जोड़ा गया है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी राज्य होने के कारण प्रदेश में परिवहन का एकमात्र साधन सड़कें हैं। उन्होंने कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बेहतर सड़कें महत्वपूर्ण है और हिमाचल प्रदेश एक पर्यटन राज्य होने के कारण राज्य में बेहतर सड़कें पर्यटन को बढ़ावा देने में सहायक सिद्ध होगी। उन्होंने एनएचएआई के अधिकारियों को इस वर्ष जुलाई माह के अंत तक 85 किलोमीटर लम्बे हनोगी-कुल्लू-मनाली सड़क मार्ग के कार्य को पूर्ण करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 4540 करोड़ रुपये की लागत की इस सड़क परियोजना के कार्य के पूरा होने से क्षेत्र में पर्यटन विकास को बढ़ावा मिलेगा।

इसे भी पढ़ें: 9 जनवरी को सुरक्षा में चूक पर राज्यपाल को सौपेंगे ज्ञापन : जम्वाल

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में एनएचएआई द्वारा 104 किलोमीटर परमाणु- सोलन-कैथलीघाट-शिमला बाईपास सड़क मार्ग, 226 किलोमीटर कीरतपुर- नेरचैक-मण्डी-कुल्लू-मनाली सड़क मार्ग, 223 किलोमीटर शिमला-बिलासपुर-हमीरपुर- मटौर सड़क मार्ग तथा 17 किलोमीटर पिंजौर-बद्दी-नालागढ़ सड़क मार्ग का कार्य क्रियान्वित किया जा रहा है। उन्होंने एनएचएआई के अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से इन परियोजनाओं को पूर्ण करने के निर्देश दिए क्योंकि यह परियोजनाएं राज्य की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओें के पूर्ण होने से 131 किलोमीटर की लम्बाई तथा 11 घण्टों की दूरी कम होगी। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय थल परिवहन एवं उच्च मार्ग मंत्री द्वारा 1,303 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 39.14 किलोमीटर राष्ट्रीय उच्च मार्ग-05 के परमाणु-सोलन फोरलेन के एक भाग का लोकार्पण किया जा चुका है। प्रधान सचिव राजस्व ओंकार शर्मा, प्रधान सचिव लोक निर्माण विभाग सुभाशीष पाण्डा तथा एनएचएआई के प्रतिनिधि भी इस बैठक में उपस्थित थे।

इसे भी पढ़ें: स्वामी राम शंकर , धर्म प्रचार के अनोखे अंदाज से बन गये डिजिटल बाबा

विधायक प्राथमिकताओं के निर्धारण के लिए बैठकों का आयोजन

मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर की अध्यक्षता में 27 और 28 जनवरी, 2022 को वार्षिक बजट 2022-23 के लिए विधायक प्राथमिकताओं के निर्धारण के लिए विधायकों के साथ दो दिवसीय बैठकों का आयोजन हिमाचल प्रदेश सचिवालय आर्मजडेल भवन के कांफ्रेंस हाल में किया जाएगा। 27 जनवरी, 2022 को पूर्वाहन 10.30 बजे से 1.30 बजे तक सोलन, बिलासपुर व शिमला तथा अपराह्न 2 बजे से 5 बजे तक मण्डी, कुल्लू और सिरमौर जिले के विधायकों के साथ बैठक आयोजित की जाएंगी।

28 जनवरी, 2022 को पूर्वाह्न 10.30 बजे से 1.30 बजे तक कांगड़ा व किन्नौर जिलों तथा अपराहन 2 से 5 बजे तक चम्बा, ऊना, हमीरपुर और लाहौल व स्पीति जिले के विधायकों के साथ बैठक आयोजित की जाएगी। इन बैठकों में वार्षिक बजट 2022-23 की विधायक प्राथमिकताओं के निर्धारण के लिए विचार-विमर्श किया जाएगा। बैठकों में विधायकों से वर्ष 2022-23 के लिए मित्तव्ययता उपायों, वित्तीय संसाधन जुटाने एवं बेहतर प्रशासन के संदर्भ में प्राप्त सुझावों पर भी चर्चा होगी।

प्रमुख खबरें

West Asia में बढ़े तनाव का असर, Oil Price कंट्रोल करने के लिए 41 करोड़ बैरल तेल बाजार में आएगा

Middle East संकट का हवाई यात्रा पर बड़ा असर, Air India की Dubai की कई उड़ानें कैंसिल, यात्री परेशान

Oil Companies का घाटा अब रिफाइनरियों के सिर, Crude Oil महंगा होने पर पेमेंट घटाने की तैयारी

Tata Group के Air India में बड़ा खुलासा, Staff Travel Policy में धांधली कर नपे 4000 कर्मचारी