Krishna Janmashtami का पावन पर्व परंपरागत भक्तिभाव से मनाये जाने के CM Yogi ने दिए निर्देश

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 25, 2024

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जन्माष्टमी पर्व से पूर्व सभी रिजर्व पुलिस लाइन, पुलिस थानों एवं कारागारों में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व परंपरागत भक्तिभाव से मनाए जाने के निर्देश दिए हैं। रविवार को एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गयी। बयान में कहा गया कि ‘‘जन्माष्टमी के अवसर पर पूरे प्रदेश में घरों और मंदिरों के साथ-साथ पुलिस थानों, कारागारों और पुलिस लाइन में भी भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का उत्सव पूरे हर्षोल्लास और भक्तिभाव से मनाया जाएगा।”

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मुख्यमंत्री योगी ने जन्माष्टमी पर्व को लेकर रविवार को अधिकारियों को आवश्यक दिशानिर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की जन्मस्थली मथुरा में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व श्रद्धा एवं धूम-धाम से मनाया जाता है, जिसमें सम्मिलित होने के लिए देश-विदेश से लाखों की संख्या में श्रद्धालु आते हैं। मथुरा नगर में स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि/शाही ईदगाह मस्जिद स्थल अत्यन्त संवेदनशील है। यह स्थल आईएसआई व विभिन्न आतंकवादी संगठनों के निशाने पर भी है। इसको देखते हुए भी विशेष सतर्कता एवं पुलिस बल का समुचित प्रबंध करने के निर्देश दिये गये हैं।

बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री ने पूजा-अर्चना, शोभायात्रा के दौरान किसी भी तरह के विवाद की स्थिति न बने, इसको लेकर भी निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि विवादित स्थलों पर झांकियों को सजाने, शोभायात्रा के मार्ग को लेकर अक्सर विवाद देखने को मिलते हैं। इसके लिए उन्होंने सतर्कता बरतने की हिदायत दी है। उन्होंने कहा कि शोभायात्रा के दौरान सुरक्षा को देखते हुए वीडियोग्राफी कराई जाए, सभी कार्यक्रम स्थलों के आसपास तथा शोभायात्रा के मार्ग पर स्थित सीसीटीवी कैमरों को कियाशील किया जाए और महत्वपूर्ण संवेदनशील स्थलों पर ड्रोन कैमरे से निगरानी रखी जाए।

योगी ने निर्देश दिए कि समस्त जनपदों में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी से संबंधित समस्त आयोजन, लीला स्थल, पंडाल, मंदिर एवं शोभायात्राओं को सूचीबद्ध कर योजनाबद्ध तरीके से पुलिस की व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि समस्त आयोजनों में आने वाले श्रद्धालुओं की संभावित संख्या का आंकलन करते हुए सुदृढ़ सुरक्षा एवं यातायात प्रबंधन सुनिश्चित किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी नई परंपरा की अनुमति कदापि न दी जाए। योगी ने कहा कि अधीनस्थ कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए जाएं कि वे अपनी बीट में जाकर सभी प्रकार के विवाद की जांच करें और अधिकारी सूचना मिलते ही मौके पर जाकर विवाद को समय रहते हल कराएं। उन्होंने जवाबदेही तय करते हुए यह भी कहा कि प्रातः गश्त करने वाला दल सघन जांच करके सुनिश्चित करे कि कहीं पर कोई आपत्तिजनक पोस्टर न लगा हो।

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उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग समस्त सुरक्षा व्यवस्था के अतिरिक्त यह भी सुनिश्चित करे कि यह पवित्र त्योहार परंपरागत तरीके से हर्षोल्लास व शालीनता के साथ मनाया जाए। उन्होंने कहा कि इस अवसर पर किसी भी प्रकार का अशोभनीय कार्यकम न आयोजित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि संबंधित पुलिस आयुक्त, जनपद प्रभारी एवं सेनानायक इस संबंध में आयोजित किये जाने वाले कार्यक्रमों का पूर्व में अवलोकन करें और प्रत्येक स्तर पर सुनिश्चित करें कि किसी भी प्रकार का अशोभनीय एवं अश्लीलतापूर्ण संवाद अथवा नृत्य न होने पाए।

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