By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Jul 27, 2026
नयी दिल्ली, 27 जुलाई कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) ने सोमवार को इस खबर पर चिंता जताई कि असम, पश्चिम बंगाल और बिहार में विद्यार्थियों एवं अन्य प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया जा रहा है या गिरफ्तार किया जा रहा है, जबकि केंद्र ने भरोसा दिलाया था कि हाल के देशव्यापी आंदोलन में शामिल लोगों के खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी। कॉजपा प्रवक्ता सौरव दास ने ‘एक्स’ पर यह बयान तब साझा किया, जब संगठन ने अपना 36 दिन का विरोध प्रदर्शन खत्म कर दिया। यह निर्णय केंद्र सरकार द्वारा पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की उसकी मुख्य मांग मान लेने और केंद्रीय मंत्रियों-- जे पी नड्डा एवं जितेंद्र सिंह द्वारा यह आश्वासन देने के बाद लिया गया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
इसलिए, इन राज्यों से आ रही खबरें गंभीर चिंता का विषय हैं।’’ पार्टी ने कहा कि उनकी कानूनी शाखा हिरासत में लिये गये लोगों को रिहा कराने एवं उन्हें कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के लिए संबंधित राज्यों में वकीलों के साथ समन्वय कर रही है। उसने केंद्र सरकार, खासकर नड्डा और सिंह से यह भी कहा कि वे बातचीत के दौरान किये गये वादे को पूरा करें तथा यह सुनिश्चित करें कि हिरासत में लिए गए लोग रिहा किये जाएं और देश में कहीं भी प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई ‘जबरदस्ती या बदले की कार्रवाई’ न की जाएं बयान में कहा गया, ‘‘दर्ज की गई प्राथमिकी भी वापस ली जानी चाहिए।’’ कॉजपा ने कहा कि केंद्र ने इस मुद्दे पर मंगलवार तक लिखित गारंटी देने का वादा किया था और उन्हें उस वादे को पूरा करने की याद दिलाई। उसने चेतावनी दी कि इस आश्वासन का कोई भी उल्लंघन ‘युवाओं को पूरी तरह से अस्वीकार्य’ होगा।