By नीरज कुमार दुबे | Feb 27, 2026
दिल्ली की शराब नीति में कथित घोटाला मामले में अरविंद केजरीवाल के बरी होने से सबसे बड़ा झटका कांग्रेस को लगा है। दरअसल अभी पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार है और अगले साल वहां होने वाले विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस खुद को सत्ता का प्रबल दावेदार मान रही है। ऐसे में उसे डर है कि केजरीवाल को यदि सहानुभूति का लाभ मिल गया तो आम आदमी पार्टी पंजाब की सत्ता में लौट सकती है। इसके साथ ही कांग्रेस को यह भी डर है कि जिस तरह से लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी लगातार प्रधानमंत्री मोदी को विभिन्न मुद्दों पर घेरते हुए देश की राजनीति में लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं, उसकी काट के लिए केजरीवाल को सामने लाया गया है ताकि वह मोदी पर हमला करके राहुल के मुकाबले बढ़त ले सकें।
दूसरी ओर, पवन खेड़ा के बयान पर प्रतिक्रिया जताते हुए AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा, "मैं आपसे पूछता हूं कि केजरीवाल जेल गया, क्या रॉबर्ट वाड्रा जेल गया? संजय सिंह जेल गया, क्या राहुल गांधी जेल गया? मनीष सिसोदिया जेल गया, क्या सोनिया गांधी जेल गईं? कांग्रेसी किस मुंह से बात करते हैं, उन्हें शर्म नहीं आती?"
हम आपको यह भी बता दें कि दिल्ली कांग्रेस प्रमुख देवेंद्र यादव ने भी टिप्पणी की है कि इस तरह के घटनाक्रम अक्सर राज्यों में चुनावों के साथ मेल खाते हैं। दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने कहा कि अदालत के फैसले के समय को लेकर सवाल खड़े होते हैं क्योंकि यह सब ऐसे वक्त हो रहा है जब गुजरात विधानसभा चुनाव नजदीक हैं। वहीं जहां तक भाजपा की बात है तो आपको बता दें कि पार्टी सांसद मनोज तिवारी ने कहा है कि CBI ऊपरी अदालत में जा रही है।