By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 20, 2026
दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को 200 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाई। इसके बाद दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) की बसों के बेड़े में, बसों की संख्या लगभग 6,800 हो गई है। इन नई 200 बसों में से 56 ‘लेडीज़ स्पेशल’ बस हैं।
गुप्ता ने कहा कि देश में सबसे अधिक इलेक्ट्रिक बसें दिल्ली में हैं। संधू ने कहा कि ‘लेडीज़ स्पेशल’ बसें परिवहन का एक सुरक्षित साधन हैं। उन्होंने कहा, दिल्ली में 200 नई इलेक्ट्रिक बसों की शुरूआत और राजघाट डिपो में सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।
ये पहल राजधानी में स्वच्छ, हरित और टिकाऊ सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करेंगी, साथ ही वाहन प्रदूषण को कम करने में भी मदद करेंगी। योजना के तहत, डीटीसी 15 उच्च-मांग वाले मार्गों पर ‘लेडीज़ स्पेशल’ बसों के 30 फेरे लगवाएगी और 13 मार्गों पर विश्वविद्यालय ‘लेडीज़ स्पेशल’ (यू-स्पेशल) बसों के 26 चक्कर लगवाएगी। गुप्ता ने कहा, ये बस सेवाएं नेहरू प्लेस, एम्स, साउथ एक्सटेंशन, आरके पुरम, कनॉट प्लेस, आईटीओ, दिल्ली सचिवालय, करोल बाग, कश्मीरी गेट और शिवाजी स्टेडियम जैसे प्रमुख रोजगार, शैक्षिक और संस्थागत केंद्रों तक कनेक्टिविटी में सुधार करेंगी।
यू-स्पेशल सेवाएं हिंदू कॉलेज, रामजस कॉलेज, दौलत राम कॉलेज, श्री राम कॉलेज, एलएसआर, गार्गी कॉलेज और हंसराज कॉलेज सहित दिल्ली विश्वविद्यालय के कई प्रमुख संस्थानों में छात्राओं के लिए कनेक्टिविटी को मजबूत करेंगी। शहर के इलेक्ट्रिक परिवहन तंत्र को मजबूत करने के प्रयासों के तहत, गुप्ता ने राजघाट डिपो- एक में एक सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन भी शुरू किया। उन्होंने कहा, हम न केवल ईवी चार्जिंग अवसंरचना बना रहे हैं बल्कि ईवी नीति के तहत सब्सिडी भी दे रहे हैं।
सरकार ने दिल्ली-करनाल मार्ग पर पांच पूरी तरह से इलेक्ट्रिक, वातानुकूलित अंतरराज्यीय बसें भी शुरू कीं। परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने कहा कि रक्षाबंधन के अवसर पर लेडीज स्पेशल बस सेवा महिलाओं के लिए एक विशेष उपहार है। उन्होंने कहा कि इस पहल ने महिलाओं को सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक सार्वजनिक परिवहन प्रदान करने की सरकार की प्रतिबद्धता को और मजबूत किया है।