Delhi Excise Policy Case: केजरीवाल के खिलाफ ED को मिल गए पुख्ता सबूत, कोर्ट में कर दिया बड़ा दावा

By अंकित सिंह | Jun 19, 2024

दिल्ली की एक अदालत ने कथित उत्पाद शुल्क घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बुधवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की न्यायिक हिरासत 3 जुलाई तक बढ़ा दी। केजरीवाल उत्पाद नीति से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में तिहाड़ की जेल नंबर 2 में बंद हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उन्हें 21 मार्च को गिरफ्तार किया था। सुप्रीम कोर्ट ने 10 मई को लोकसभा चुनाव में प्रचार के लिए केजरीवाल को 21 दिन की अंतरिम जमानत दी थी। उन्होंने 2 जून को तिहाड़ जेल में सरेंडर किया था। 

आईओ ने यह भी कहा कि विनोद चौहान की जांच की जा रही है और इस महीने के अंत तक उनके खिलाफ अभियोजन शिकायत दर्ज की जाएगी। सुनवाई के दौरान अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एसवी राजू ने कहा कि मामले से जुड़ी हर चीज अंततः केजरीवाल की भूमिका पर आकर टिक गई है। उन्होंने आगे स्पष्ट किया कि ईडी नहीं, बल्कि सीबीआई ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने ₹100 करोड़ की रिश्वत मांगी थी। प्रवर्तन निदेशालय ने राउज एवेन्यू कोर्ट को बताया कि उसके पास अब वापस ली गई शराब नीति मामले में अरविंद केजरीवाल द्वारा 100 करोड़ रुपये की रिश्वत मांगने के सबूत हैं।

इसे भी पढ़ें: स्वाति मालीवाल का INDIA गुट के नेताओं को लिखा पत्र, CM हाउस में बदसलूकी मामले में मांगा सपोर्ट

ईडी का प्रतिनिधित्व कर रहे एएसजी राजू ने कहा कि मनी लॉन्ड्रिंग पर कोर्ट के संज्ञान से पता चलता है कि प्रथम दृष्टया कोर्ट आश्वस्त है कि यहां मनी लॉन्ड्रिंग का मामला बनता है. सीबीआई जांच में पता चला कि केजरीवाल ने 100 करोड़ रुपये की रिश्वत मांगी थी। गिरफ्तारी से पहले ही हमने सबूत इकट्ठा कर लिए थे। केजरीवाल के वकील विक्रम चौधरी ने दलील दी कि पीएमएलए के तहत दायर किसी भी आरोप पत्र में आप सुप्रीमो का नाम नहीं था।

प्रमुख खबरें

Baghdad में US Embassy का बड़ा Security Alert, इराकी मिलिशिया कर सकते हैं आतंकी हमला

Pakistan के Mohmand में संगमरमर उद्योग बना तबाही का कारण, Environment पर मंडराया बड़ा संकट

Donald Trump की Stone Age वाली धमकी पर भड़का Iran, कहा- हम 7000 साल पुरानी सभ्यता

Iran के एक्शन पर EU सख्त, Ursula बोलीं- Global Economic Stability खतरे में है।