संक्रमित मरीजों का समय रहते पता लगे, हमारी रणनीति अधिक से अधिक जांच की है: गहलोत

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 14, 2020

जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि हमारी रणनीति अधिक से अधिक जांच करने की है ताकि संक्रमित मरीजों का समय रहते पता लगाया जा सके। उन्होंने कहा, ‘‘दो लाख रैपिड टेस्टिंग किट आ चुके हैं और जल्द ही रैपिड टेस्ट (त्वरित जांच) शुरू कर दिए जाएंगे। अब ज्यादा संख्या में लोगों की जांच होने से संक्रमण को फैलने से रोकने में मदद मिल सकेगी।’’ गहलोत ने सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मीडिया के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत में कहा कि राज्य सरकार कुल 10 लाख किट मंगवाएगी और आने वाले दिनों में हमारी जांच क्षमता कई गुना बढ़ जाएगी।

उन्होंने कहा कि एसएमएस अस्पताल की लैब में कोरोना वायरस संक्रमण की नियमित जांच की क्षमता में बढ़ी है तथा प्रदेश के 6 संभागीय मुख्यालयों के मेडिकल कॉलेजों की लैब में भी इसकी जांच हो रही है। मुख्यमंत्री ने एक सवाल के जवाब में कहा कि सवाई मानसिंह अस्पताल, जयपुर में सबसे पहले भर्ती हुए कोविड-19 के रोगियों के इलाज के लिए बनाए गए दवाओं के कॉम्बिनेशन की दुनिया के कई देशों में सराहना हुई है। उन्होंने संक्रमण रोकने के लिए अपनाई जा रही रणनीति से जुड़े सवाल पर कहा कि राज्य सरकार भीलवाड़ा मॉडल को अपनाते हुए सख्त नियंत्रण :रूथलेस कन्टेनमेंट: में जुटी हुई है।

इसे भी पढ़ें: कोरोना वायरस: राजस्थान में एक महिला की मौत, संक्रमण के 26 नये मामले सामने आए

उन्होंने कहा कि यह एक महामारी है और इसका मुकाबला करने में किसी तरह की कोताही नहीं बरती जाएगी, पुलिस प्रशासन को भी लॉकडाउन एवं कर्फ्यू का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न राज्यों में फंसे मजदूरों के सहयोग और उनकी शिकायतों के समाधान के लिए सभी सरकारों ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं तथा कुछ अधिकारियों को सिर्फ इसी काम के लिए नियोजित किया है। उन्होंने बताया कि राजस्थान में भी दो आईएएस अधिकारियों को यह जिम्मेदारी दी गई है, जो दूसरे राज्यों के अधिकारियों से निरंतर सम्पर्क में हैं।

इसे भी पढ़ें: Lockdown के 16वें दिन 15000 करोड़ के पैकेज का ऐलान, मृतकों का आंकड़ा 196

उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था के मिसिंग लिंक को जोड़ने, लोगों की क्रय शक्ति बढ़ाने और रोजगार की व्यवस्था करने सहित सभी उपायों पर प्रधानमंत्री के राष्ट्र के नाम संदेश के बाद ही विस्तार से चर्चा की जाएगी। वीडियो कॉन्फ्रेसिंग में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ रघु शर्मा, मुख्य सचिव डी.बी. गुप्ता, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह राजीव स्वरूप, अतिरिक्त मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य रोहित कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

प्रमुख खबरें

Twisha Sharma Case: सवालों के घेरे में मौत, AIIMS की जांच के बाद Bhopal में हुआ अंतिम संस्कार

Cannes Red Carpet पर ग्लैमर नहीं, सनातन की गूंज! Radha Look में Sanya Thakur ने बटोरी सुर्खियां

Taiwan Strait में नहीं थम रही चीनी ड्रैगन की दादागिरी, 24 घंटे में दर्जनों Warships-Jets Active

Thalapathy Vijay की Politics में Grand Entry, कैसे Fan Power से बने Tamil Nadu के CM?